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अमूल: दिवाली से पहले डेयरी कंपनी ने बढ़ाए दाम, जानिए किन उत्पादों को किया गया महंगा?

Wed, 04 Nov 2026 11:09 AM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

  • दिवाली से पहले अमूल ने घी और मक्खन के दाम बढ़ाए। एक किलो घी अब 680 रुपये का, 500 ग्राम मक्खन 325 रुपये का।
  • मिलावटी घी पर कार्रवाई और त्योहारी मांग से भी आपूर्ति प्रभावित हुई है, इसका असर कीमतों पड़ रहा है।
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अमूल के उत्पादों की कीमतें बढ़ीं। - फोटो : amarujala.com
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विस्तार
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दिवाली के त्योहार से ठीक पहले आम उपभोक्ताओं को महंगाई का एक और झटका लगा है। देश के सबसे बड़े दुग्ध उत्पाद ब्रांड अमूल ने अपने घी और मक्खन के दाम बढ़ा दिए हैं। गुजरात को-ऑपरेटिव मिल्क मार्केटिंग फेडरेशन (जीसीएमएमएफ) द्वारा विपणन किए जाने वाले इन उत्पादों की नई कीमतें लागू हो गई हैं। इससे घर-घर में मिठाई बनाने का बजट अब और बढ़ जाएगा।

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एक किलो अमूल घी का डिब्बा अब 680 रुपये का हो गया है, जो पहले 630 रुपये था। इसमें 50 रुपये का इजाफा हुआ है। 500 ग्राम प्योर घी थैली की कीमत 325 रुपये से बढ़कर 345 रुपये हो गई है। मक्खन के दाम भी बढ़े हैं; 100 ग्राम पैकेट अब 66 रुपये का मिलेगा। पहले इसकी कीमत 63 रुपये थी। 500 ग्राम मक्खन के पैकेट पर 15 रुपये का इजाफा हुआ है, जो अब 325 रुपये का मिलेगा। अमूल के ऑनलाइन मंच पर गाय का घी 740 रुपये प्रति लीटर सूचीबद्ध है। सागर घी 710 रुपये और भैंस का घी 720 रुपये प्रति लीटर है। कई किस्में, जैसे प्योर घी और कॉम्बो पैकेट, ऑनलाइन अनुपलब्ध दिखाए जा रहे हैं।

क्या है दाम बढ़ने का कारण?

दाम बढ़ने के साथ-साथ आपूर्ति की समस्या भी गंभीर हो गई है। वडोदरा और अहमदाबाद के खुदरा विक्रेता बता रहे हैं कि गणेश उत्सव के बाद से अमूल गाय के घी का भंडार कम चल रहा है। पुणे, कोलकाता और जम्मू-कश्मीर सहित कई स्थानों पर भी इसी तरह की कमी की शिकायतें मिली हैं। वडोदरा के दुकान संचालकों को जरूरत का सिर्फ एक छोटा हिस्सा ही मिल पा रहा है।

मिलावटी घी पर सख्ती का असर क्या है?

गुजरात और राजस्थान में मिलावटी घी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हुई है। पिछले छह महीनों में इन दोनों राज्यों में करीब दो लाख किलो नकली घी जब्त किया गया। इस सख्ती के कारण नामी घी की मांग तेजी से बढ़ी है। लोग अब भरोसेमंद ब्रांड जैसे अमूल की ओर रुख कर रहे हैं। सालाना घी की खपत का करीब 45 फीसदी हिस्सा त्योहारी सीजन में ही होता है। इससे आपूर्ति पर और दबाव बन गया है।

क्या पहले कम हुए थे दाम?

बीते साल सितंबर में जीएसटी में कटौती के बाद डेयरी उत्पादों पर कर 12 फीसदी से घटाकर 5 फीसदी कर दिया गया था। उस समय अमूल ने 700 से अधिक उत्पादों के दाम घटाए थे। एक लीटर घी की कीमत 650 रुपये से 610 रुपये हो गई थी। मक्खन के 100 ग्राम पैकेट की कीमत 62 से 58 रुपये हुई थी। हालांकि, अब की बढ़ोतरी से उस राहत का काफी हिस्सा खत्म हो गया है। जीसीएमएमएफ ने इस पूरे मामले पर अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।

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