अमेरिका की निजी इक्विटी फर्म एडवेंट इंटरनेशनल भारत में घरेलू उपकरण बनाने वाली कंपनी व्हर्लपूल ऑफ इंडिया में बड़ी हिस्सेदारी खरीदने की बातचीत कर रही है। यह कंपनी अमेरिका की व्हर्लपूल कॉर्पोरेशन की भारतीय शाखा है।
माना जा रहा है कि एडवेंट इंटरनेशनल, व्हर्लपूल इंडिया में करीब 57% हिस्सेदारी खरीदने के लिए ₹9,682.88 करोड़ तक खर्च कर सकती है। शुरुआत में यह सौदा 31% हिस्सेदारी की बिक्री से शुरू होगा, जिसके बाद भारतीय शेयर बाजार के नियमों के अनुसार खुली पेशकश (ओपन ऑफर) की जाएगी। अगर यह सौदा पूरा होता है, तो व्हर्लपूल कॉर्पोरेशन की हिस्सेदारी घटकर 25% से भी कम रह जाएगी और वह अल्पसंख्यक शेयरधारक बन जाएगी।
इस बिक्री प्रक्रिया को गोल्डमैन सैक्स संभाल रहा है। पहले इस डील में कई कंपनियों ने रुचि दिखाई थी जैसे केकेआर, टीपीजी, बेन कैपिटल, ईक्यूटी, हैवेल्स और रिलायंस इंडस्ट्रीज। लेकिन अंत में एडवेंट ही सबसे आगे रहा।
अगर यह डील फाइनल होती है, तो यह भारत में एडवेंट का घरेलू उपकरण क्षेत्र में तीसरा बड़ा निवेश होगा। इससे पहले उसने क्रॉम्पटन ग्रीव्स कंज्यूमर इलेक्ट्रिकल्स और यूरेका फोर्ब्स में निवेश किया था। व्हर्लपूल कॉर्पोरेशन ने फरवरी 2024 में अपनी 24.7% हिस्सेदारी ₹4,039 करोड़ में बेची थी और अब वह अपनी हिस्सेदारी और घटाकर 20% करने की योजना बना रही है ताकि वह अपने अमेरिकी कारोबार पर ध्यान केंद्रित कर सके।
हाल ही में, व्हर्लपूल इंडिया के शेयरों में उतार-चढ़ाव देखा गया है। अक्टूबर में शेयरों में 91% की तेजी आई थी, लेकिन अब उनमें गिरावट हो रही है। सोमवार को शेयर ₹1,321 पर कारोबार कर रहा था, जो 1.34% की गिरावट है।
एडवेंट की रुचि इसलिए भी बनी हुई है क्योंकि अक्टूबर में व्हर्लपूल इंडिया और उसकी मूल कंपनी ने ब्रांड और तकनीक के इस्तेमाल को लेकर लंबी अवधि के समझौते किए हैं। इससे यह सुनिश्चित होगा कि कंपनी को ब्रांड और तकनीक की सुविधा मिलती रहेगी, भले ही हिस्सेदारी कम हो जाए।