सरकार ने टैक्स की भाषा आसान बनाने के साथ कर्मचारियों को मिलने वाले भत्तों में भी बदलाव किया है। चलिए समझते हैं, नए टैक्स युग में आपकी जेब पर क्या असर पड़ेगा
विदेश यात्रा और पढ़ाई में राहत
शिक्षा और इलाज
विदेश यात्रा
रिवाइज्ड रिटर्न
रिटर्न सुधारने के लिए अब 9 महीने के बजाय 12 महीने (अगले साल 31 मार्च तक) का समय !
निवेशकों का बढ़ेगा खर्च
शेयर बाजार के खिलाड़ियों के लिए खर्च बढ़ गया है। सिक्योरिटी ट्रांजेक्शन टैक्स (STT) की दरें बढ़ा दी गई हैं-
कर्मचारियों को मिलने वाले भत्तों और पर्क्स की सीमाओं में बड़े बदलाव किए गए हैं। भत्तों को अब हकीकत के करीब लाने की कोशिश की गई है।
| शिक्षा (दो बच्चे) | 100 रुपये/महीना प्रति बच्चा | 3,000 रुपये/महीना प्रति बच्चा |
| हॉस्टल भत्ता (दो बच्चे) | 300 रुपये/महीना प्रति बच्चा | 9,000 रुपये/महीना प्रति बच्चा |
| फ्री मील (प्रति भोजन) | 50 रुपये | 200 रुपये |
| गैर-नकद उपहार (सालाना) | 5,000 रुपये | 15,000 रुपये |
| विदेश में इलाज | आय 2 लाख से कम होने पर छूट | आय 8 लाख से कम होने पर छूट |
| कार लीज (1.6 L इंजन से छोटा) | 2,700 रुपये (ड्राइवर सहित) | 8,000 रुपये (ड्राइवर सहित) |
पहले निवेश का मुख्य उद्देश्य टैक्स बचाना होता था, अब फोकस बदलकर वेल्थ क्रिएशन है, जिसमें रिटर्न, जोखिम और जरूरत तीनों को संतुलित करना आवश्यक है। ये बदलाव ईमानदार करदाताओं के लिए राहत लेकर आए हैं। हर व्यक्ति आय और निवेश का सही और पारदर्शी विवरण दे। यदि इस नए सिस्टम को समझदारी और योजना के साथ अपनाया जाए, तो यह न केवल टैक्स बोझ को कम करेगा, बल्कि एक मजबूत और सुरक्षित वित्तीय भविष्य की दिशा भी तय करेगा।
चार्टर्ड अकाउंटेंट मुकेश जैन के अनुसार यह एक वास्तविक और महत्वपूर्ण पहल है। इसे विशेष रूप से पुराने विदेशी खातों वाले छात्र, विदेशी इक्विटी (RSUS/ESOPs) वाले टेक कर्मचारी और भारत लौटने वाले अप्रवासी भारतीयों (एनआरआई) के लिए तैयार किया गया है, जो अनजाने में विदेशी संपत्तियों की रिपोर्ट करने में विफल रहे थे।
अघोषित संपत्ति और आय का कुल मूल्य एक करोड़ रु. तक है, तो करदाता को 30% कर और 100% अतिरिक्त लेवी (संपत्ति मूल्य का कुल 60%) देना होगा। यदि संपत्तियों की घोषणा निवासी बनने पर नहीं की गई थी, तो वे एक लाख रु. का मामूली शुल्क देकर इसे नियमित कर सकते हैं (बशर्ते मूल्य 5 करोड़ तक हो)। ब्लैक मनी एक्ट, 2015 के प्रावधानों के तहत दंड और मुकदमे से पूर्ण सुरक्षा।