बुधवार को शेयर मार्केट में किसी तरह की तेजी देखने को नहीं मिली और ये सपाट बंद हुआ। बीएसई का सेंसेक्स जहां 14 अंक गिरकर 31284 पर बंद हुआ, वहीं एनएसई का निफ्टी भी 20 अंकों का गोता लगाकर 9634 अंकों पर बंद हुआ। इस गिरावट का सबसे बड़ा कारण कई प्रमुख इंडेक्स में बिकवाली का होना रहा। ऑटो, आईटी, मेटल, फॉर्मा, ऑयल एंड गैस आदि सेक्टरों में भारी बिकवाली देखने को मिली है।
बुधवार को शेयर बाजार में कमजोर मांग के चलते बीएसई का सेंसेक्स 50 अंक गिरकर खुला। वहीं एनएसई के निफ्टी में भी कमजोरी देखी गई और यह भी 9625 अंक पर खुला।मंगलवार को बंबई स्टॉक एक्सचेंज के सेंसेक्स में 14.04 अंक की गिरावट आई थी और यह 0.04 फीसदी गिरकर 31,297.53 पर बंद हुआ था।
वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के सूचकांक में भी कल के कारोबार में गिरावट आई थी और यह 4.05 अंक या 0.04 फीसदी गिरकर 9,653.50 पर बंद हुआ था।अमेरिकी बाजारों में गिरावट का असर एशियाई बाजारों पर देखने को मिला, जिसका इम्पैक्ट भारतीय बाजारों पर भी दिख रहा है।
मिडकैप शेयरों में पेज इंडस्ट्रीज, टाइटन, एमआरपीएल, पेट्रोनेट एलएनजी और जिंदल स्टील 1.7-0.9 फीसदी तक लुढ़के हैं। हालांकि मिडकैप शेयरों में एबीबी इंडिया, बर्जर पेंट्स, ब्लू डार्ट, कंटेनर कॉर्प और पिडिलाइट इंडस्ट्रीज 2.6-1 फीसदी तक उछले हैं।
स्मॉलकैप शेयरों में सियाराम सिल्क, रत्नमणि मेटल, स्टील एक्सचेंज, जीओसीएल कॉर्प और केसर टर्मिनल्स 3.4-2.4 फीसदी तक टूटे हैं। हालांकि स्मॉलकैप शेयरों में मोनेट इस्पात, एम्टेक ऑटो, नेल्को, आर सिस्टम्स और भूषण स्टील 8.7-6.9 फीसदी तक मजबूत हुए हैं।