लोकसभा चुनाव परिणाम 2024 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का तीसरा कार्यकाल तय होते ही नतीजों के तुरंत बाद बाजार से गायब रौनक अब लौटने लगी है। गुरुवार को लगातार दूसरे दिन बाजार के प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स मजबूत होकर बंद हुए। वीकली एक्सपायरी के दिन 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स सूचकांक 692.27 (0.93%) अंक मजबूत होकर 75,074.51 पर पहुंच गया। दूसरी ओर, एनएसई निफ्टी 201.06 (0.89%) अंक चढ़कर 22,821.40 पर बंद हुआ।
इससे पहले एनडीए बुधवार को पीएम मोदी को एक बार फिर से अपना नेता चुन लिया है। इस तरह उनका लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री बनना तय हो गया है। इसके बाजार बाजार में खरीदारी दिखी। सेंसेक्स के शेयरों में टेक महिंद्रा, एचसीएल टेक, एसबीआई, एनटीपीसी और इंफोसिस के शेयर तीन से चार प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुए। वहीं एनटीपीसी, एलएंडटी, टीसीएस और विप्रो के शेयर भी हरे निशान पर बंद हुए। दूसरी ओर एचयूएल, एशियन पेंट्स, एमएंडएम और नेस्ले इंडिया के शेयर लाल निशान पर बंद हुए।
हालांकि भाजपा को हाल में संपन्न संसदीय चुनावों में अपने दम पर स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है। लेकिन सहयोगी दलों के साथ मिलकर भाजपा के पास सरकार बनाने लायक बहुमत है और प्रधानमंत्री मोदी लगातार तीसरी बार केंद्र में सरकार बनाने की कोशिशों में जुट गए हैं।
मंगलवार को चुनावी नतीजे आने के दिन बाजार में करीब छह प्रतिशत की भारी गिरावट आई थी और एक ही दिन में निवेशकों के 31 लाख करोड़ रुपये डूब गए थे। लेकिन उसके बाद सुधार के दो कारोबारी सत्रों में करीब 21 लाख करोड़ रुपये की भरपाई हो चुकी है।
जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, "गठबंधन की नई सरकार के शपथ लेने के पहले मानक सूचकांकों ने तेजी का सिलसिला कायम रखा। दरअसल निवेशकों को अब स्थिर सरकार बनने की उम्मीद नजर आ रही है।" इसके बावजूद नई सरकार के स्वरूप और आगामी बजट में घोषित होने वाले नीतिगत कदमों को लेकर कुछ आशंका भी है। नायर ने कहा, "बाजार को अब नकदी पर रिजर्व बैंक की ताजा टिप्पणियों का इंतजार है।"
छोटी कंपनियों के शेयरों का प्रतिनिधित्व करने वाले बीएसई स्मालकैप सूचकांक ने 3.06 प्रतिशत की छलांग लगाई जबकि मझोली कंपनियों के शेयरों का प्रतिनिधित्व करने वाले मिडकैप सूचकांक में 2.28 प्रतिशत की बढ़त रही।
क्षेत्रवार सूचकांकों में रियल्टी, सूचना प्रौद्योगिकी, तेल एवं गैस खंड बढ़त पर रहे जबकि दैनिक उपभोग वाले उत्पाद और स्वास्थ्य देखभाल खंड में गिरावट रही। एशिया के अन्य बाजारों में जापान का निक्की और हांगकांग का हैंगसेंग बढ़त के साथ बंद हुए जबकि चीन का शंघाई कंपोजिट गिरावट के साथ बंद हुआ।
यूरोप के ज्यादातर बाजार बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे। बुधवार को अमेरिकी बाजार सकारात्मक दायरे में बंद हुए थे। वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.09 प्रतिशत बढ़कर 78.43 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने बुधवार को 5,656.26 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध बिकवाली की। चुनावी नतीजे के दिन की भारी गिरावट से उबरते हुए सेंसेक्स बुधवार को 2,303.19 अंक उछलकर 74,382.24 और निफ्टी 735.85 अंक चढ़कर 22,620.35 पर पहुंच गया था।