शुक्रवार को भारतीय बाजार गिरावट के साथ बंद हुआ। एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक जैसी बड़ी कंपनियों के शेयरों में मुनाफावसूली से तीन दिन से जारी तेजी का सिलसिला थम गया।
सेंसेक्स की कंपनियों में एचसीएल टेक, आईसीआईसीआई बैंक, टाइटन, ट्रेंट, कोटक महिंद्रा बैंक, हिंदुस्तान यूनिलीवर, महिंद्रा एंड महिंद्रा और एचडीएफसी बैंक प्रमुख रूप से पिछड़ गए। वहीं अडानी पोर्ट्स, भारती एयरटेल, एसबीआई, एनटीपीसी और सन फार्मा लाभ में रहे।
बाजार नियामक सेबी द्वारा अरबपति गौतम अदाणी और उनके समूह को अमेरिकी शॉर्ट-सेलर हिंडनबर्ग रिसर्च द्वारा लगाए गए स्टॉक हेरफेर के आरोपों से मुक्त करने के बाद अदाणी पावर, अदाणी टोटल गैस, अदाणी ग्रीन एनर्जी, अदाणी एंटरप्राइजेज और अदाणी एनर्जी सॉल्यूशंस सहित अदाणी समूह के सभी शेयरों में 13 प्रतिशत तक की तेजी आई।सेबी की जांच में पाया गया कि समूह की कंपनियों के बीच फंड ट्रांसफर किसी भी विनियमन के दायरे में नहीं आया।
शुक्रवार को विश्व शेयर बाजार में मिलाजुला रुख रहा, अधिकांश एशियाई शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। वहीं वॉल स्ट्रीट के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने के बाद यूरोपीय सूचकांक में तेजी दर्ज की गई। निवेशकों ने बैंक ऑफ जापान, फेडरल रिजर्व और बैंक ऑफ इंग्लैंड सहित हाल के मौद्रिक नीति निर्णयों का आकलन किया।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.55 प्रतिशत गिरकर 67.07 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। एक्सचेंज के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने गुरुवार को 366.69 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर खरीदे। गुरुवार को सेंसेक्स 320.25 अंक या 0.39 प्रतिशत बढ़कर 83,013.96 पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 93.35 अंक या 0.37 प्रतिशत चढ़कर 25,423.60 पर बंद हुआ।