पिछले सप्ताह में आई तेज गिरावट के बाद आज घरेलू बाजार में सोने की वायदा कीमत में तेजी आई। एमसीएक्स पर सोना वायदा 0.24 फीसदी ऊपर 47,185 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। जबकि चांदी वायदा 0.05 फीसदी गिरकर 67,730 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई। पीली धातु पिछले साल के उच्चतम स्तर (56200 रुपये प्रति 10 ग्राम) से करीब नौ हजार रुपये नीचे है। इस महीने की शुरुआत में इसकी कीमत मौजूदा कीमत से 2,500 रुपये ज्यादा थी।
वैश्विक बाजार में इतनी है कीमत
वैश्विक बाजारों में आज सोने का दाम 1,784.14 डॉलर प्रति औंस पर रहा। पिछले हफ्ते सोने की कीमतों में छह फीसदी की गिरावट आई थी, जो 15 महीनों में इसकी सबसे बड़ी साप्ताहिक गिरावट है। स्वर्ण ईटीएफ सोने की कीमत पर आधारित होते हैं और उसके दाम में आने वाली घट-बढ़ पर ही इसका दाम भी घटता बढ़ता है। मालूम हो कि ईटीएफ का प्रवाह सोने में कमजोर निवेशक रुचि को दर्शाता है। एक मजबूत डॉलर अन्य मुद्राओं के धारकों के लिए सोने को अधिक महंगा बनाता है।
बीते साल 35 फीसदी से अधिक घटी सोने की मांग
देश की सोने की मांग बीते साल यानी 2020 में 35 फीसदी से अधिक घटकर 446.4 टन रह गई। विश्व स्वर्ण परिषद (डब्ल्यूजीसी) की एक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई है। डब्ल्यूजीसी की 2020 की सोने की मांग के रुख पर रिपोर्ट में कहा गया है कि कोरोना वायरस की वजह से लागू लॉकडाउन और बहुमूल्य धातुओं के दाम अपने सर्वकालिक उच्चस्तर पर पहुंचने के बीच सोने की मांग में गिरावट आई। हालांकि, इसके साथ ही रिपोर्ट में कहा गया है कि अब स्थिति सामान्य हो रही है और साथ ही सतत सुधारों से उद्योग मजबूत हुआ है। ऐसे में इस साल 2021 में सोने की मांग में सुधार की उम्मीद है। भारत दुनिया का सबसे बड़ा सोने का आयातक देश है।