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शेयर बाजार: कोरोना के मामले, कंपनियों के नतीजे, आर्थिक आंकड़ों से तय होगी बाजार की चाल

Sun, 09 May 2021 12:32 PM IST
‌डिंपल अलावाधी पीटीआई, नई दिल्ली

सार

इस सप्ताह अवकाश के कारण बाजार में चार दिन ही कारोबार होगा। इसके अलावा वैश्विक प्रवृत्ति और रुपये में उतार-चढ़ाव का भी बाजार धारणा पर असर पड़ेगा। 
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शेयर बाजार - फोटो : PTI
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विस्तार
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कोरोना वायरस संक्रमण की स्थिति, कंपनियों के वित्तीय परिणाम और औद्योगिक उत्पादन समेत  आर्थिक आंकड़े इस सप्ताह बाजार की चाल तय करेंगे। इस सप्ताह अवकाश के कारण बाजार में चार दिन ही कारोबार होगा। इसके अलावा वैश्विक प्रवृत्ति और रुपये में उतार-चढ़ाव का भी बाजार धारणा पर असर पड़ेगा। घरेलू शेयर बाजार गुरुवार को ईद-उल-फित्र के मौके पर बंद रहेंगे।

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जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा कि, 'इस सप्ताह बाजार की प्रवृत्ति कोविड संक्रमण के मामलों की संख्या, कंपनियों के तिमाही परिणाम, मार्च महीने के औद्योगिक उत्पादन तथा अप्रैल महीने के मुद्रास्फीति के आंकड़े से निर्धारित होगी।'

ये कंपनियां जारी करेंगी वित्तीय नतीजे
इस सप्ताह एशियन पेंट्स, जिंदल स्टील एंड पावर लिमिटेड, ल्यूपिन, वेदांता, सिप्ला और डॉक्टर रेड्डीज लैबोरेटरीज के वित्तीय परिणामों पर निवेशकों की नजर होगी। पिछले सप्ताह, 30 शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 424.11 अंक यानी 0.86 फीसदी मजबूत हुआ।
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लंबी अवधि तक रहने वाला है जोखिम 
मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड के प्रमुख (खुदरा शोध) सिद्धार्थ खेमका ने कहा, 'ऐसा लगता है निवेशकों ने अपने आकलन में कोविड मामलों को ध्यान में रखा है और फिलहाल वे इसके अल्पकालीन प्रभाव से अलग देख रहे हैं। हालांकि महामारी को लेकर जोखिम लंबी अवधि तक रहने वाला है और इसकी रोकथाम के लिए विभिन्न राज्यों में लॉकडाउन और अन्य पाबंदियां फिलहाल हटती नहीं दिख रही इससे बाजार में तेजी पर अंकुश लग रहा है।'

सीमित दायरे में रह सकता है बाजार 
उन्होंने कहा, 'अत: आने वाले समय में बाजार उतार-चढ़ाव के साथ सीमित दायरे में रह सकता है। आने वाले दिनों में कोविड-19 मामलों की संख्या और टीकाकरण की गति आर्थिक पुनरूद्धार की तेजी को तय करेंगी।' विश्लेषकों के अनुसार ब्रेंट क्रूड में उतार-चढ़ाव, रुपये की प्रवृत्ति और विदेशी संस्थागत निवेशकों के निवेश का प्रतिरूप भी बाजार धारणा को प्रभावित करेगा।

अप्रैल से शुद्ध बिकवाल बने हुए हैं निवेशक 
कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर और उसका अर्थव्यवस्था पर पड़ने वाले प्रभाव के बीच विदेशी निवेशक इस साल अप्रैल से इक्विटी बाजार में शुद्ध बिकवाल बने हुए हैं। डिपॉजिटरी के आंकड़ों के अनुसार एफपीआई (विदेशी संस्थागत निवेशक) ने अप्रैल में शुद्ध रूप से 9,659 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर बेचे जबकि मई के पहले सप्ताह में 5,936 करोड़ रुपये की बिकवाली की।

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