भारतीय रिजर्व बैंक ने पब्लिक सेक्टर बैंक
आईडीबीआई पर 3 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है।
केंद्रीय बैंक ने यह जुर्माना इसलिए लगाया है, क्योंकि आईडीबीआई के शीर्ष प्रबंधन ने एनपीए के बारे तय नियमों के अनुसार जानकारी नहीं दी थी।
छुपाई 6 हजार करोड़ से अधिक के एनपीए की जानकारी
आरबीआई के मुताबिक, आईडीबीआई ने 6186 करोड़ के खराब लोन के बारे में जानकारी नहीं दी, जो कि आरबीआई को बाद में जाकर के पता चला। यह लोन राशि वित्त वर्ष 2016 की है।
आरबीआई के नियमों के अनुसार सभी बैंकों के लिए एक नियम है कि अगर उनका एनपीए 15 फीसदी से अधिक है, तो इसकी जानकारी सार्वजनिक करनी होती है। आईडीबीआई का एक चौथाई से लोन एनपीए हो चुका है और आरबीआई इसको सही करने की कोशिश में लगा हुआ है।
अन्य बैंकों भी लग चुका है जुर्माना
आरबीआई इससे पहले एक्सिस बैंक (3 करोड़ रुपये), यस बैंक (6 करोड़ रुपये) और आईसीआईसीआई बैंक (58.9 करोड़ रुपये)पर भी जुर्माना लगा चुका है। वित्त वर्ष 2017 में भी आरबीआई को अन्य बैंकों के बारे में इस तरह की जानकारी मिली है, जिसके बाद इन पर भी आगे चलकर जुर्माना लगाया जा सकता है।