नोटबंदी के बाद कैश संकट से जूझ रहे बैंक ग्राहकों के लिए अच्छी खबर है। कैश संकट को दूर करने के लिए रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया फैसला ले सकता है। नए नोटों की सप्लाई कम होने और मांग ज्यादा होने के चलते कैश का संकट पैदा हो गया था और सरकार ने इस संकट से निपटने के लिए नकदी सीमा के लिए अपर लिमिट निर्धारित कर दी थी।
नोटबंदी के करीब सवा दो महीने बाद कैश निकालने के लिए एटीएम के बाहर की भीड़ में हल्का फर्क देखा जा रहा है। कैश निकालने की सीमा भी बढ़ाई जा चुकी है। सूत्रों का कहना है कि बजट से पहले आरबीआई कैश निकालने की सीमा संबंधी फैसले ले सकता है।
गौरतलब है कि नोटबंदी के ऐलान के बाद जहां एटीएम से पैसे निकालने की सीमा 4,500 रुपये कर दी गई थी वहीं बाद में मांग और आपूर्ति में बड़ा अंतर बरकरार रहने के चलते इसे 2,500 रुपए कर दिया गया था।