सरकारी बैंकों को वित्त वर्ष 2018-19 में जुलाई-जून अवधि में 1.2 लाख शिकायतें मिली, जिसमें भारतीय स्टेट बैंक पहले स्थान पर रहा। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा जारी रिपोर्ट के अनुसार निजी बैंकों के मुकाबले सरकारी बैंकों में काफी शिकायतें मिली। ज्यादातर शिकायतें क्रेडिट या डेबिट कार्ड को लेकर के रहीं हैं।
इस रिपोर्ट के अनुसार सरकारी बैंकों में पहले स्थान पर एसबीआई रहा, जबकि दूसरे स्थान पर पंजाब नेशनल बैंक रहा। वहीं तीसरे स्थान पर बैंक ऑफ बड़ौदा रहा है। एसबीआई के खिलाफ जितनी शिकायतें मिली, वो सभी 18 सरकारी बैंकों के मुकाबले आधी हैं।
वहीं निजी बैंकों की अगर बात की जाए तो कुल 55 हजार शिकायतें आरबीआई को मिली। इनमें एचडीएफसी बैंक पहले स्थान पर, आईसीआईसीआई बैंक दूसरे स्थान पर और एक्सिस बैंक तीसरे स्थान पर रहा। इन बैंकों के खिलाफ ग्राहकों ने बिना बताए खाते से पैसा काटने की शिकायतें दर्ज की हैं। ज्यादातर शिकायतें बड़े शहरों से चली हैं। आरबीआई द्वारा चलाए जा रहे ग्राहक अवेयरनेस कार्यक्रमों से ग्राहक ज्यादा शिकायतें दर्ज कर रहे हैं। हालांकि शिकायतों की संख्या में पिछले साल के मुकाबले 32,311 की बढ़ोतरी देखी गई है।