पंजाब एवं महाराष्ट्र सहकारी (पीएमसी) बैंक पर आरबीआई की कार्रवाई से पहले कई जमाकर्ताओं के खाते से बड़ी धनराशि की निकासी हुई है। सितंबर के तीसरे सप्ताह में व्हिसलब्लोअर की शिकायत करने के ठीक कुछ दिन पहले ही पीएमसी बैंक के कई खातों से पैसे निकाले गए, जिसके बाद 23 सितंबर को आरबीआई ने छह महीने का प्रतिबंध लगा दिया।
पीएमसी बैंक संकट के लिए जिम्मेदार बताए जा रहे एचडीआईएल डेवलपर्स ने जमाकर्ताओं के हित में बैंक के साथ बातचीत की पेशकश की है। साथ ही सफाई दी कि बैंक को पर्याप्त गारंटी उपलब्ध कराने के बाद ही कर्ज उठाया गया था और यह सामान्य कारोबारी कर्ज की तरह ही था।
एक दिन पहले ही मुंबई पुलिस ने एचडीआईएल के पूर्व प्रबंधन और प्रवर्तकों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। एचडीआईएल के वाइस चेयरमैन व एमडी सारांग वाधवान ने कहा कि कंपनी कारोबार के लिए समय-समय पर पीएमसी सहित कई बैंकों से कर्ज लेती रही है। इसके बदले में बैंक को पर्याप्त गारंटी दी जाती है। पीएमसी ने भी आरबीआई की गाइडलाइन के तहत ही कंपनी विशेष कर्ज मुहैया कराया था।