डिजिटल इंडिया को बढ़ावा देने के लिए कैश निकालने पर भी टैक्स लगा सकती है सरकार। सूत्रों के अनुसार सरकार इस पर विचार कर रही है और अगर इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है तो इसे 1 फरवरी को पेश होने वाले बजट में जगह मिल सकती है। सरकार बैंक खातों से एक तय सीमा से अधिक कैश निकालने पर यह टैक्स लगा सकती है। सरकार ने पिछले साल नवंबर में नोटबंदी के बाद डिजिटल ट्रांजैक्शंस बढ़ाने के लिए कई उपाय किए हैं।
एक अन्य अधिकारी ने बताया, ‘कैश टैक्स पर अभी विमर्श हो रहा है। बजट के साथ इसका ऐलान किए जाने की काफी संभावना है।’गौरतलब है कि कालेधन पर बनी स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम ने 3 लाख रुपए से ज्यादा के कैश सौदों पर पाबंदी लगाने का सुझाव दिया था। उसने एक आदमी के लिए कैश होल्डिंग की 15 लाख रुपए की सीमा तय करने की भी सिफारिश की थी।
पार्थसारथी सोम की अध्यक्षता वाले टैक्स ऐडमिनिस्ट्रेशन रिफॉर्म कमीशन ने भी बैंकिंग ट्रांजैक्शन टैक्स को फिर से लगाने का सुझाव दिया था। उसने कहा था कि सेविंग अकाउंट को छोड़ दें तो ऐसा कोई तरीका नहीं है, जिससे बैंक खातों से निकाले जाने वाली रकम की जानकारी मिल सके। पिछले साल दिसंबर में डिजिटल पेमेंट में 43 प्रतिशत की बढ़ौतरी हुई थी। अब देखना होगा सरकार इसपर क्या फैसला लेती है।