कभी-कभी नौकरी छोड़ना राहत तो देता है, लेकिन उसके बाद शुरू होने वाला इंतजार कई बार पहले से भी ज्यादा मुश्किल साबित होता है। मुंबई के एक प्रोफेशनल के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। टॉक्सिक वर्क कल्चर से परेशान होकर उसने नौकरी छोड़ दी। उस फैसले पर आज भी उसे अफसोस नहीं है, लेकिन छह महीने बीत जाने के बाद भी नई नौकरी न मिलने से उसका आत्मविश्वास जरूर डगमगाने लगा है। बढ़ते करियर गैप और इंटरव्यू में पूछे जाने वाले सवालों की चिंता ने उसे सोशल मीडिया का सहारा लेने पर मजबूर कर दिया। उसकी पोस्ट पर कई नौकरीपेशा लोगों ने अपने अनुभव और सलाह साझा की, जिनकी अब खूब चर्चा हो रही है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुई यह पोस्ट
अपनी परेशानी बताते हुए लिखा कि उसके पास कुल मिलाकर सिर्फ दो साल का वर्क एक्सपीरियंस है। पहले से ही उसका प्रोफाइल बहुत मजबूत नहीं है और मौजूदा समय में कंपनियों में हायरिंग भी काफी धीमी है। वह लगातार अलग-अलग जगह आवेदन कर रहा है, लेकिन शायद ही कहीं से जवाब मिल रहा हो।
करियर गैप बनी चिंता
युवक ने लिखा कि अब छह महीने का करियर गैप उसकी सबसे बड़ी चिंता बन चुका है। उसे लगता है कि जैसे-जैसे समय बीत रहा है, इस गैप को इंटरव्यू में समझाना और मुश्किल होता जाएगा। उसने दूसरे यूजर्स से पूछा कि अगर किसी ने ऐसी स्थिति का सामना किया है तो वह बताए कि लंबे करियर गैप को इंटरव्यू में कैसे एक्सप्लेन किया जाए और ज्यादा इंटरव्यू कॉल पाने के लिए क्या किया जा सकता है।
लोगों ने दिया जवाब
इस पोस्ट पर एक रियल एस्टेट कंपनी में काम करने वाले शख्स ने अपने अनुभव के आधार पर जवाब दिया। उन्होंने बताया कि किसी भी उम्मीदवार का मूल्यांकन करते समय वे पूरे करियर की टाइमलाइन देखते हैं। अगर कम समय में बार-बार नौकरी बदलने का पैटर्न दिखाई देता है, तो वे ऐसे उम्मीदवार को आगे नहीं बढ़ाते।
ये है सबसे अच्छा विकल्प
हालांकि, उन्होंने साफ कहा कि एक साल तक का करियर गैप उनके लिए कोई बड़ी समस्या नहीं है। अगर उम्मीदवार के करियर में बार-बार लंबे गैप दिखाई दें, तभी वे एचआर से उसकी वजह जानने के लिए कहते हैं। उन्होंने सलाह दी कि इस दौरान नई स्किल्स सीखना और खुद को अपग्रेड करना सबसे अच्छा विकल्प है। इससे रिक्रूटर को यह भरोसा मिलता है कि उम्मीदवार सिर्फ खाली नहीं बैठा था, बल्कि अपने करियर पर काम कर रहा था।
परदादी को मारने का दिया उदाहरण
उन्होंने एक काल्पनिक उदाहरण देते हुए कहा कि उम्मीदवार यह बता सकता है कि उसे अपनी पिछली नौकरी पसंद थी। वहां का माहौल अच्छा था, बॉस प्रोफेशनल थे और टीम सहयोगी थी। फिर अचानक उसकी परदादी, जो एक सप्ताह बाद 100 साल की होने वाली थीं, उनका नींद में ही निधन हो गया। इस घटना ने उसे गहरे सदमे में डाल दिया। इसी वजह से उसे कुछ समय के लिए काम से ब्रेक लेना पड़ा।