कहां का है मामला?
बताया जा रहा है कि यह मामला लंदन के वेस्ट लंदन एनएचएस (NHS) ट्रस्ट का है। यहां पर टीम लीडर चार्ल्स ओपोंग को हेल्थकेयर असिस्टेंट इल्डा एस्टेवेस को आंटी बोलना महंगा पड़ गया है। इल्डा एस्टेवेस ने आरोप लगाया है कि उनके सीनियर ओपोंग उन्हें बार-बार आंटी कहती हैं। कई उन्होंने ओपोंग से कहा कि उनके नाम से बुलाए ओपोंग नहीं मानते।
अपने बचाव में ओपोंग ने कहा कि घाना की संस्कृति में आंटी शब्द बड़े सम्मान और आदर का प्रतीक है, लेकिन कोर्ट ने उकी इस दलील को खारिज कर दिया और इसे पेशेवर माहौल में अनुचित करार दिया। इल्डा एस्टेवेस ने सितंबर 2023 में एक औपचारिक ईमेल के माध्यम से शिकायत दर्ज कराई थी।
Viral Video: बेकार नारियल से बनाए पक्षियों के घोंसले, लोग बोले- इंसानियत आज भी जिंदा है
उन्होंने आरोप लगाया था कि उन्हें आंटी कहकर बुलाया जा रहा है। जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो ओपोंग ने तंज कसा और कहा कि तुम जवान दिखना चाहती हो। एस्टेवेस ने अपनी शिकायत में विक्टिमाइजेशन, हैरेसमेंट और वेतन की गलत कटौती समेत पांच दावे किए थे।
IMD Weather: क्यों अप्रैल में पड़ रही है ठंड? आखिर क्या है वजह और क्या होता है वेस्टर्न डिस्टर्बेंस
कोर्ट ने अपनाया सख्त रूप
कोर्ट में पाया कि आंटी कहकर बुलाना सीधे तौर पर उम्र और लिंग के आधार उत्पीड़न है, क्योंकि यह शब्द महिला की उम्र को निशाना बनाने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था। इस मामले की सुनवाई करते हुए ट्रिब्यूनल जज जॉर्ज एलियट ने सख्त रुख दिखाया। उन्होंने अपने फैसले में कहा कि चार्ल्स ओपोंग एक स्टाफ नर्स और टीम लीडर जैसे जिम्मेदार पद पर थे। उन्हें ऐसी टिप्पणियां बिल्कुल नहीं करनी चाहिए थीं।
NASA Artemis II: अंतरिक्ष में करोड़ों का टॉयलेट खराब, स्पेस में एस्ट्रोनॉट्स कैसे जाते हैं टॉयलेट और कहां जाता है मल-मूत्र
जज का कहना है कि दफ्तर में ऐसे शब्दों का इस्तेमाल करना एक अपमानजनक माहौल बनाता है। अदालत ने साफ कहा कि भले ही किसी संस्कृति आंटी कहना सम्मानजनक हो, लेकिन अगर किसी को यह पसंद नहीं है, तो उसे उस पर थोपा नहीं सकते।
कोर्ट ने जुर्माना देने का दिया आदेश
वाटफोर्ड एम्प्लॉयमेंट ट्रिब्यूनल ने अपने फैसले में वेस्ट लंदन एनएचएस ट्रस्ट को ल्डा एस्टेवेस को डेढ़ लाख रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया है। अदालत ने कहा कि इल्डा का उत्पीड़न का दावा सही है।