मुंबई मेट्रो में हैंडल और पोल्स की मदद से स्टंट करता लड़का
- फोटो : @MMMOCL_Official
Mumbai Metro Viral Video: सोशल मीडिया पर आए दिन मेट्रो से जुड़े कई वीडियो वायरल होते रहते हैं, जिसमें यात्रियों के बीच अजीबोगरीब घटनाएं देखने को मिलती रहती हैं। कभी कोई डांस करता दिखता है तो कभी बहस या झगड़े की फुटेज वायरल होती है, फिर चाहे वो दिल्ली मेट्रो हो या मुंबई मेट्रो। लेकिन इस बार जो वीडियो इंटरनेट पर वायरल हुआ है, उसे खुद मुंबई मेट्रो ने अपने आधाकिरिक X हैंडल से शेयर किया है। वीडियो में एक बच्चा मुंबई मेट्रो में लगे हैंडल और पोल्स की मदद से स्टंट करता नजर आ रहा है।
Viral Video: नारियल को ट्रेन की खिड़की से अंदर खींचने की कोशिश करता शख्स, फिर जो हुआ देखकर नहीं रुकेगी हंसी
वीडियो में एक बच्चा मेट्रो कोच के अंदर खतरनाक तरीके से हैंडल और पोल्स की मदद से स्टंट करता दिखाई देता है। बच्चा मेट्रो के अंदर लगे पोल के 3 हिस्सों के बीच, पैर रखकर पहले ऊपर लटकता है। फिर वह खड़े होने वाले पैसेंजर्स के लिए लगे हैंडल्स को पकड़कर लटकता हुआ नजर आता है। बच्चे के स्टंट करने के तरीके से लगता है कि उसकी थोड़ी सी चूक दुर्घटना का कारण भी बन सकती थी। वीडियो में आप देखेंगे की उसकी हरकतों को वहां बैठे कुछ लोग ज्यादा नोटिस भी नहीं करते।
मुंबई मेट्रो में स्टंट करते बच्चे के इस वीडियो को खुद महा मुंबई मेट्रो ऑपरेशन कॉर्पोरेशन लिमिटेड ( MMMOCL) ने खुद अपने X @MMMOCL_Official हैंडल पर पोस्ट किया है। जिसके कैप्शन में लिखा है, हमारी एलर्ट पैसेंजर वर्षा जहागीरदार @varshasay ने हमें मेट्रो के अंदर एक बच्चे द्वारा किए जा रहे खतरनाक करतबों का यह वीडियो भेजा है। हम सभी पैरेंट्स से अपील करते हैं कि वे अपने बच्चों को मेट्रो के अंदर इस तरह खेलने से रोकें। यह आपके बच्चों और अन्य यात्रियों दोनों के लिए सेफ नहीं है। यह एक दंडनीय अपराध भी है। महा मुंबई मेट्रो सार्वजनिक संपत्ति है, अपने बच्चों को सिखाएं कि वे इसका ध्यान रखें और पब्लिक प्लेस में सम्मान के साथ रहे।
मुंबई मेट्रो के आधिकारिक हैंडल से पोस्ट की गई इस वीडियो पर लोग जमकर प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। एक यूजर ने लिखा- मेट्रो हम सभी की संपत्ति है, बच्चों को अनुशासन सिखाना जरूरी है। दूसरे यूजर ने लिखा- इससे सभी यात्रियों की सुरक्षा खतरे में पड़ रही है। उस यात्री पर जुर्माना बढ़ाया जाना चाहिए और हवाई यात्रा की तरह ही ऐसे यात्रियों को एक साल के लिए दोबारा यात्रा करने से प्रतिबंधित किया जाना चाहिए।