हर इंसान को अपनी सभी चीजों में से कुछ चीजों से कुछ ज्यादा ही लगाव होता है। इसी तरह से टेरी मॉर्गन को भी अपनी घड़ी से खास लगाव था।
मिरर के मुताबिक बीते किसी दिन उनकी प्यारी घड़ी कहीं गुम हो गई थी। उसे तलाशने के लिए टेरी ने ऐड़ी-चोटी का जोर लगा दिया।
कहीं भी घड़ी नहीं मिलने पर वो काफी दिनों से परेशान था और तभी एक दिन...
बजने लगा अलार्म
आप इसे टेरी की किस्मत कहें या महज एक इत्तेफाक, पर टेरी एक दिन अपने कुत्ते के साथ बैठा था और तभी उसे अचानक अपनी घड़ी के अलार्म की आवाज सुनाई देने लगी।
उसे ये समझने में तनिक भी देर नहीं लगी कि उसकी प्यारी वॉच उसके कुत्ते चार्ली के पेट में पड़ी है। टेरी ने घड़ी में अलार्म फिट कर रखा था जो चार्ली के पेट में बजने लगा।
टेरी अपने कुत्ते चार्ली को लेकर फौरन ही डॉक्टर के पास पहुंचा। उसे एक बार को लगा कि चार्ली के ऑपरेशन में भी बड़ा खर्चा बैठेगा, लेकिन फिर भी अपनी घड़ी के लिए वो ऐसा करने को तैयार था।
बाहर की घड़ी
टेरी ने बताया कि जैसे ही डॉक्टर ने चार्ली को एनेथिशीया देने के लिए इंजेक्शन तैयार किया, चार्ली को डर से ही वहीं के वहीं उल्टी हो गई।
एक उल्टी में ही घड़ी भी उसके पेट से बाहर निकल आई। फिर कहीं जाकर टेरी राहत मिली। टेरी ने बताया कि अब चार्ली भी ठीक है।
टेरी ने ये भी बताया कि आखिरी टाइम उसने जब चार्ली को स्नैक दिया था, तो वहीं टेबल पर उसकी घड़ी भी रखी थी, जिसे चार्ली स्नैक समझकर खा गया होगा।