गोपालगंज जिले के कटेया थाना क्षेत्र के शेख बेइली गांव के चंवर में स्थित पोखरे से युवक-युवती के शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतका की पहचान पंचदेवरी प्रखंड के राजापुर महंत गांव निवासी अकलू महतो की 18 वर्षीय बेटी पूजा कुमारी के रूप में हुई है, जबकि युवक कटेया थाना क्षेत्र के मगहिया गांव निवासी रामबड़ाइ खटीक का पुत्र धर्मेंद्र खटीक था। पूजा का शव शनिवार को मिला, जबकि धर्मेंद्र का शव रविवार को उसी पोखरे से बरामद किया गया। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, गोपालगंज भेज दिया।
युवक के अपहरण की शिकायत से खुला मामला
शुक्रवार देर शाम धर्मेंद्र खटीक के पिता रामबड़ाइ खटीक ने कटेया थाना में बेटे के अपहरण की शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने राजापुर महंत गांव के कुछ लोगों पर संदेह जताया था। इस शिकायत के आधार पर थाना प्रभारी किशोर चौधरी के नेतृत्व में पुलिस ने जांच शुरू की।
शनिवार सुबह शेख बेइली गांव के चंवर में स्थित पोखरे से पूजा कुमारी का शव बरामद हुआ। घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। संदेह के आधार पर पुलिस ने मछुआरों की मदद से पूरे तालाब को खंगालना शुरू किया। रविवार सुबह उसी पोखरे से धर्मेंद्र का भी शव बरामद हुआ।
भाई ने कबूला हत्या का जुर्म
ग्रामीणों के मुताबिक, पूजा और धर्मेंद्र के बीच पिछले कई महीनों से प्रेम प्रसंग चल रहा था। पुलिस ने शक के आधार पर पूजा के भाई रमेश महतो को हिरासत में लिया और सख्ती से पूछताछ की। रमेश ने स्वीकार किया कि उसने बहन और धर्मेंद्र को साथ देखा था, जिससे गुस्से में आकर उसने पूजा की गला दबाकर हत्या कर दी और शव पोखरे में फेंक दिया। पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और धर्मेंद्र की मौत की वजह का पता लगाने में जुटी है।