छपरा जिले में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। लगातार गिरते तापमान और हाड़ कंपा देने वाली ठिठुरन को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों से लेकर कक्षा 10वीं तक के सरकारी एवं निजी विद्यालयों को 24 दिसंबर 2025 तक बंद रखने का आदेश जारी किया है।
मौसम विभाग ने सारण जिले में ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए चेतावनी दी है कि आने वाले कुछ दिनों तक कोहरे और शीतलहर का प्रकोप बना रहेगा। ठंडी पछुआ हवाओं के चलते तापमान में और गिरावट दर्ज किए जाने की संभावना जताई गई है। घने कोहरे के कारण दृश्यता (विजिबिलिटी) शून्य के करीब पहुंच गई है, जिसका सीधा असर यातायात व्यवस्था पर देखने को मिल रहा है। हाईवे पर वाहनों की रफ्तार थम सी गई है, जबकि लंबी दूरी की कई ट्रेनें अपने निर्धारित समय से विलंब से चल रही हैं।
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इस बीच जिला प्रशासन ने अपनी एडवाइजरी जारी कर आम लोगों से ठंड को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। प्रशासन ने कहा है कि यदि किसी व्यक्ति को सिरदर्द, सीने में भारीपन या सांस फूलने जैसी परेशानी महसूस हो, तो इसे सामान्य ठंड समझकर घरेलू उपचार तक सीमित न रहें, बल्कि तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या चिकित्सक से संपर्क करें।
इसके साथ ही वाहन चालकों को घने कोहरे में अतिरिक्त सावधानी बरतने और फॉग लाइट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने की सलाह दी गई है। जिला प्रशासन ने रैन बसेरों की व्यवस्था और अलाव जलाने की व्यवस्था को दुरुस्त रखने के भी निर्देश दिए हैं, ताकि बेघर और जरूरतमंद लोगों को इस जानलेवा ठंड से सुरक्षित रखा जा सके। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि इस मौसम में सतर्कता और जागरूकता ही स्वयं और परिवार की सुरक्षा की सबसे बड़ी गारंटी है।