छठ पर्व के हर्षोल्लास के बीच छपरा जिले के तरैया थानाक्षेत्र से पारिवारिक कलह में एक विवाहिता के आत्महत्या का मामला सामने आया है। इस घटना ने पूरे इलाके में गम का माहौल बना दिया है। मृतका की पहचान 25 वर्षीय रूबी कुमारी के रूप में हुई है, जो पोखरेड़ा गांव निवासी जयप्रकाश महतो की पत्नी थी। घटना के बाद जब मृतका का भाई अपनी बहन का हाल जानने ससुराल पहुंचा, तो उसे न केवल गहरे सदमे का सामना करना पड़ा, बल्कि ससुराल वालों ने उसकी जमकर पिटाई भी की। पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
‘मौत नहीं, मेरी बहन की हत्या हुई है’
जानकारी के मुताबिक, जैसे ही रूबी की मौत की खबर उसके मायके वालों को मिली, मृतका का भाई अपनी बहन के ससुराल पोखरेड़ा गांव पहुंचा। वहां पहुंचने पर उसने देखा कि उसकी बहन का शव एक कमरे में बिस्तर पर पड़ा हुआ था। ससुराल वालों ने दावा किया कि रूबी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली है और शव को पंखे से उतारकर बिस्तर पर रखा गया है। रूबी के भाई ने इस बात पर गहरा अविश्वास जताया और भावुक होकर कहा कि मेरी बहन आत्महत्या नहीं कर सकती, उसकी हत्या हुई है। इस आरोप पर ससुराल वाले भड़क उठे और मृतका के दोनों भाइयों की जमकर पिटाई कर दी। इस दौरान पूरे गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लिया
घटना की सूचना मिलने पर तरैया थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। फिर मामले को शांत कराते हुए दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया। घायल भाइयों को तुरंत रेफरल अस्पताल तरैया ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें छपरा के सदर अस्पताल और पीएमसीएच पटना रेफर कर दिया गया। पुलिस ने मृतका के शव को भी पोस्टमार्टम के लिए छपरा सदर अस्पताल भेज दिया है। पुलिस के अनुसार, इस मामले में विस्तृत छानबीन जारी है और सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए आगे की कार्रवाई की जा रही है।
‘दहेज नहीं देने पर की गई हत्या’
मृतका की मां तेतरी कुंवर ने बताया कि उन्होंने अपनी बेटी रूबी की शादी सात साल पहले हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार पोखरेड़ा गांव के जय प्रकाश महतो के साथ की थी। शादी में दहेज की मांग पूरी न करने पर उनकी बेटी को लगातार प्रताड़ित किया जाता रहा। उनका आरोप है कि दहेज की मांग पूरी न होने पर ससुराल वालों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी। मां ने बताया कि उनकी बेटी की मौत ने छठ पूजा के इस पवित्र पर्व को उनके परिवार के लिए गमगीन बना दिया है। पूरे परिवार और गांव में शोक की लहर दौड़ गई है।
‘स्नान के बाद खाना बनाते हुए आखिरी बार हुई थी बात’
मृतका के भाई ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि छठ पूजा के नहाय-खाय के अवसर पर सोमवार को रूबी अपनी मां से मिलने आई थी। सबकुछ सामान्य था और कोई संकेत नहीं था कि ऐसी घटना घट जाएगी। मंगलवार को छठ पर्व के स्नान के बाद जब वह अपने ससुराल में खाना बना रही थी, तब भाई से उसकी आखिरी बार बातचीत हुई थी। एक घंटे के बाद ही परिजनों को आत्महत्या की खबर मिली। यह घटना किसी बड़े सदमे से कम नहीं थी, क्योंकि रूबी के दो छोटे बच्चे पांच वर्षीय ऋतिक कुमार और एक वर्षीय रॉकी हैं।
ससुराल वाले बच्चों को लेकर हुए फरार
रूबी का पति जयप्रकाश मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करता था। पारिवारिक कलह के चलते अक्सर घर में तनाव बना रहता था। घटना के बाद मृतका के ससुराल वाले दोनों छोटे बच्चों को लेकर फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस इस मामले में गहनता से जांच कर रही है, ताकि सभी दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जा सके।
‘मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है’
तरैया थाना के थानाध्यक्ष आशुतोष कुमार सिंह ने बताया कि मृतका के मायके वालों की ओर से दर्ज बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने अब तक जो जानकारी इकट्ठी की है, उसके अनुसार मामले में पारिवारिक विवाद और दहेज का पहलू सामने आ रहा है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या वास्तव में यह आत्महत्या का मामला है या किसी ने महिला को आत्महत्या के लिए उकसाया या उसकी हत्या की है।
गांव में शोक की लहर, छठ पर्व का माहौल गमगीन
इस हृदयविदारक घटना ने छठ पूजा के मौके पर पूरे गांव को शोक में डाल दिया है। ग्रामीणों में घटना को लेकर आक्रोश है और सभी यह चाहते हैं कि दोषियों को कड़ी सजा मिले। श्रद्धालुओं के लिए छठ पूजा का यह पावन पर्व जहां आस्था और समर्पण का प्रतीक होता है, वहीं रूबी की मौत ने कई घरों को गमगीन बना दिया है।