कच्ची दरगाह से बिदुपुर जाने वाली सड़क।
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बाढ़ के दिनों में कई नांव हादसा हो चुका है
स्थानीय रवि सिंह ने बताया कि राघोपुर दियारा इलाके में सबसे बड़ी समस्या पुल के नहीं होने के कारण गैस सिलेंडर और राशन का सामान का हुआ करता था। नाव के जरिए पहुचने वाला गैस सिलेंडर और राशन के समान में दुकानदार और भेन्डर लोगों से ज्यादा पैसा भी लिया करते थे लेकिन अब पुल हो जाने के कारण सहूलियत से लोगों के बीच हर सामान पहुंच जाएगा। छोटू सिंह ने बताया कि राघोपुर में पुल होना लोगों का सपना हुआ करता था जो अब सकार हो चुका है। फर्स्ट लेन का उद्घाटन मुख्यमंत्री के द्वारा कर दी गई है। लोग अपने गांव से ही अब गाड़ी पकड़ कर एक जगह से दूसरे जगह जाएंगे पहले किसी जगह जाने के लिए कई जगहों पर गाड़ी बदलनी पड़ती थी लेकिन अब ऐसा नहीं होगा लोगों के उद्घाटन के बाद खुशी का माहौल है। बरसात के दिनों में लोग जान हथेली पर लेकर एक जगह से दूसरे जगह जाते थे। बाढ़ के दिनों में कई नांव हादसा हो चुका है, इसमें कितने लोगों की जान भी जा चुकी है।
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पटना से राघोपुर दियारा तक काम पूरा
बता दें कि पटना जिला अन्तर्गत एनएच 30 पर अवस्थित कच्ची दरगाह एवं वैशाली जिला अन्तर्गत राष्ट्रीय उच्च पथ सख्या-103 पर अवस्थित बिदुपुर के बीच गंगा नदी पर कुल 19.76 किमी लम्बाई के छह लेन ग्रीन फिल्ड पुल परियोजना का निर्माण किया जा रहा है। इसके अन्तर्गत 9.76 किमी लम्बा पुल तथा 10 किमी लम्बा पहुंच पथों का निर्माण कार्य होना है। इस परियोजना की कुल लागत चार हजार 988 करोड़ रुपये है। प्रथम चरण में कच्ची दरगाह, पटना से राघोपुर दियारा, वैशाली (कुल लम्बाई 4.57 किमी) का काम पूरा हो चुका है। द्वितीय चरण में हाजीपुर-महनार पथ से चकसिकन्दर तक तथा तृतीय चरण में राघोपुर दियारा से हाजीपुर-महनार पथ का निर्माण किया जा रहा है। अब तक परियोजना की वर्तमान प्रगति 85 प्रतिशत है तथा शेष कार्य को तेजी से पूरा किया जा रहा है। इस दौरान तमाम स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं पूर्व विधायक सतीश राय की उपस्थित रहे।