छात्रों के समूह ने रजिस्ट्रार से मिलकर की शिकायत
- फोटो : अमर उजाला
नालंदा खुला विश्वविद्यालय (एनओयू) के पीजी गणित परीक्षा परिणाम में कथित गड़बड़ी को लेकर सोमवार को विश्वविद्यालय परिसर में छात्रों ने हंगामा किया। छात्रों का कहना है कि बड़े पैमाने पर गलत मूल्यांकन के कारण उन्हें अनुचित रूप से फेल कर दिया गया है।
कॉपी और असाइनमेंट के बावजूद शून्य अंक का आरोप
छात्रों का आरोप है कि परीक्षा में अच्छी तरह उत्तर लिखने और असाइनमेंट जमा करने के बावजूद कई छात्रों को ‘जीरो अवार्डेड’ दिखा दिया गया है। आक्रोशित छात्रों ने रजिस्टार से मिलकर अपनी समस्या रखी और परिणाम में सुधार की मांग की।
असाइनमेंट में भी जीरो मिलने का दावा
बेगूसराय से आए छात्र अमित कुमार ने बताया कि पीजी गणित सत्र में करीब 800 से 900 छात्र शामिल हुए थे, जिनमें से 500 से अधिक को फेल कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि कई छात्रों को 20 अंकों के असाइनमेंट में भी शून्य अंक दे दिए गए हैं, जो हैरान करने वाला है।
चार प्रश्न सही होने पर भी शून्य अंक
एक अन्य छात्र पंकज कुमार ने कहा कि उन्होंने पेपर-1 की थ्योरी परीक्षा में करीब चार प्रश्नों के सही उत्तर लिखे थे, फिर भी परिणाम में उन्हें शून्य अंक दिखाया गया। छात्रों का कहना है कि इतने बड़े स्तर पर फेल होना मूल्यांकन प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
यह भी पढ़ें- Bihar News: कक्षा में डकार लेने पर शिक्षक ने 9वीं के छात्र को बेरहमी से पीटा, शिक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
प्रमोशन और सुधार की उठी मांग
छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की कि तकनीकी खामी या गलत मूल्यांकन के कारण जिन छात्रों को ‘जेड’ ग्रेड या कम अंक मिले हैं, उनके मार्क्स सुधारे जाएं। साथ ही सत्र प्रभावित किए बिना उन्हें सेकंड इयर यानी पेपर-2 की परीक्षा में बैठने की अनुमति दी जाए।
रजिस्टार से वार्ता के बाद मिला आश्वासन
हंगामे के बाद छात्रों के प्रतिनिधिमंडल ने विश्वविद्यालय के रजिस्टार डॉ. अजय कुमार सिंह से मुलाकात की। रजिस्टार ने लिखित आवेदन लेकर मामले की जांच का भरोसा दिया और दो से तीन दिनों के भीतर समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि छात्रों को मैसेज या व्हाट्सएप के माध्यम से सूचना दी जाएगी।