Bihar : राज्यसभा के चुनाव में राजद के उम्मीदवार की जीत पर खतरा मंडराता दिख रहा है। खतरा इसलिए क्यों कि इस बैठक में खास तौर पर बुलाए गए ओवैसी और मायावती के विधायक शामिल नहीं हुए। कुछ और भी विधायकों का अंत तक इंतजार होता ही रह गया।
नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने आज अपने निवास स्थान पर महागठबंधन की बैठक की। इस बैठक में राजद के विधायक के साथ-साथ कांग्रेस और वामदल के भी विधायक शामिल हुए। लेकिन एआईएमआईएम और बसपा के विधायक के साथ-साथ कांग्रेस के भी तीन विधायक नदारत रहे। ऐसे में डरना तो जरूरी है।
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दरअसल बिहार में राज्यसभा चुनाव होने वाला है। एनडीए पांचों सीटों पर अपनी जीत को सुनिश्चित करने का दावा किया है। उधर राजद ने ए डी सिंह को अपना उम्मीदवार बनाया है। इसलिए अपने उम्मीदवार को राज्यसभा में जीत सुनिश्चित करने के लिए तेजस्वी यादव ने महागठबंधन की बैठक की थी। बताया यह भी जाता है कि इस बैठक में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बसपा और एआईएमआईएम के विधायकों को भी बुलाया था, लेकिन वेलोग बैठक में शामिल नहीं हुए। बताया जाता है कि नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सभी विधायकों को निर्देश दिया है कि मतदान के दिन सभी दलों के विधायक निर्धारित समय मतदान केंद्र पर पहुंचें ताकि मतदान में किसी तरह की चूक ना हो।
एआईएमआईएम के विधायक और प्रदेश अध्यक्ष अख्तरुल ईमान राजद की बैठक में शामिल नहीं हुए। बताया जाता है कि राजद की ओर से बैठक की उन्हें कोई सूचना नहीं मिली है। उन्होंने बताया कि तेजस्वी यादव की यह पारिवारिक बैठक थी इसलिए मैं और हमारी पार्टी उस बैठक में शामिल नहीं हुए। वहीं दूसरी तरफ बसपा के एकलौते विधायक भी इस बैठक में शामिल नहीं हुए। इसका मुख्य कारण यह बताया जा रहा है कि तेजस्वी यादव चाहते थे कि राज्यसभा के चुनाव में एआईएमआईएम उनकी पार्टी का समर्थन करे, जबकि एआईएमआईएम की यह मांग थी कि राजद एआईएमआईएम के उम्मीदवार का समर्थन करे। क्यों कि एआईएमआईएम का कहना था कि चूंकि उनका उच्च सदन में कोई सदस्य नहीं है, इसलिए तेजस्वी उनका समर्थन करे। इसपर तेजस्वी यादव ने कहा था कि दिल्ली से लौटकर बात करेंगे लेकिन इस मामले को लेकर अब तक कोई बात नहीं हो पाई। अब तेजस्वी को एआईएमआईएम की मदद डूबते को तिनके का सहारा जैसी मदद दिख रही है, इसलिए तेजस्वी एआईएमआईएम की ओर हसरत भरी निगाहों से देख रहे हैं, लेकिन एआईएमआईएम, राजद को घास डालता हुआ नहीं दिख रहा है। ऐसे में राजद की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।