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Bihar News: अब प्राइवेट प्रैक्टिस नहीं कर पाएंगे सरकारी डॉक्टर, नीतीश सरकार ने लगा दी रोक; जानिए पूरा मामला

Sat, 11 Apr 2026 06:46 PM IST
Aditya Anand न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

Bihar Health: स्वास्थ्य विभाग ने सरकारी डॉक्टरों को निजी प्रैक्टिस करने से रोक दिया है। साफ लिखा है कि सरकारी सेवा में कार्यरत डॉक्टर अब निजी क्लिनिक या अस्पताल नहीं चला पाएंगे। 
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सीएम नीतीश कुमार और मंगल पांडेय - फोटो : सोशल मीडिया।
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विस्तार
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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सरकार ने सरकारी डॉक्टरों को लेकर बड़ा फैसला सुनाया है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगा दी है। स्वास्थ्य विभाग के सचिव लोकेश कुमार सिंह के हस्ताक्षर से जारी पत्र के अनुसार, अब सरकारी सेवा में कार्यरत डॉक्टर प्राइवेट प्रैक्टिस नहीं कर सकेंगे। बिहार सरकार स्वास्थ्य विभाग के इस फैसले का उद्देश्य सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाना बताया जा रहा है।

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सरकार का मानना है कि इससे डॉक्टर पूरी तरह से अपनी सरकारी जिम्मेदारियों पर ध्यान दे सकेंगे। पत्र में लिखा गया है कि यह व्यवस्था बिहार स्वास्थ्य सेवा संवर्ग और चिकित्सा शिक्षा सेवा से जुड़े सभी चिकित्सकों पर लागू होगी। हालांकि, सरकार जल्द ही इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश भी जारी करेगी, जिससे नियमों के पालन को स्पष्ट किया जा सके।

समृद्धि यात्रा के दौरान सीएम नीतीश ने इसका जिक्र किया था
बता दें कि  पश्चिम चंपारण के बेतिया में अपनी समृद्धि यात्रा के दौरान एलान किया था कि अब बिहार के सरकारी डॉक्टर निजी प्रैक्टिस नहीं कर सकेंगे। इसके लिए सरकार नई नीति लाने जा रही है, जिससे सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की उपलब्धता सुनिश्चित होगी और आम मरीजों को समय पर इलाज मिल सकेगा।
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16 दिसंबर 2025 को सात निश्चय 3 की घोषणा में नीति लाने की बात कही थी
सीएम नीतीश कुमार ने 16 दिसंबर 2025 को सात निश्चय-3 की घोषणा की थी। इसके पांचवें निश्चय में उन्होंने ‘सुलभ स्वास्थ्य- सुरक्षित जीवन’ की बात कही थी। उन्होंने कहा कि प्रखंड सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को विशिष्ट चिकित्सा केंद्र के रूप में तथा जिला अस्पतालों को अति विशिष्ट चिकित्सा केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। राज्य के नए मेडिकल कॉलेजों एवं अस्पतालों में बेहतर पढ़ाई एवं इलाज के लिए लोक-निजी भागीदारी को प्रोत्साहित किया जाएगा। दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने के लिए चिकित्सकों को अलग से प्रोत्साहन की व्यवस्था एवं सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने की नीति लाई जाएगी।

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