वैशाली के बराटी थाना क्षेत्र में एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। काशीपुर चकबीबी वार्ड नंबर 11 निवासी 32 वर्षीय कुंदन कुमार का शव उनके चाचा के नवनिर्मित मकान में फांसी के फंदे से लटका मिला। कुंदन 7 मार्च की शाम से लापता थे, जिसके बाद परिवार वाले उनकी तलाश कर रहे थे।
मानसिक रूप से बीमार था युवक
मृतक के पिता बालेश्वर ठाकुर ने बताया कि कुंदन मानसिक रोग से पीड़ित थे और 13 दिन पहले ही घर लौटे थे। उनका इलाज पटना मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (PMCH) में चल रहा था। कुंदन तीन भाइयों में सबसे छोटे थे और हिंदुस्तान ट्रांसपोर्ट कंपनी में असम के करीमगंज में कार्यरत थे। करीब दो साल पहले उनकी शादी हुई थी, लेकिन संतान नहीं थी।
चाचा के मकान में मिला शव, इलाके में सनसनी
रविवार सुबह कुंदन का शव उनके चाचा कमलेश्वर ठाकुर के नए मकान के एक कमरे में लटका मिला। शव मिलने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना पर बराटी थाना अध्यक्ष आशुतोष कुमार शुक्ला पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और मामले की जांच शुरू की।
FSL टीम जुटी जांच में
पुलिस ने घटना को संदिग्ध मानते हुए फॉरेंसिक इन्वेस्टिगेशन टीम (FSL) को बुलाया। टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस का कहना है कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है, और परिजनों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
क्या बोले थाना अध्यक्ष?
थाना अध्यक्ष आशुतोष कुमार शुक्ला ने कहा, "लापता युवक का शव उसके चाचा के नए मकान में फांसी से लटका मिला है। FSL टीम मामले की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चलेगा। परिवार की ओर से आवेदन मिलने पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।"