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Bihar: शीतलहर का असर, शिवहर में स्कूल बंद, औरंगाबाद में बदला समय, बच्चों बोले- थैंक यू डीएम आंटी

Fri, 19 Dec 2025 10:39 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला,औरंगाबाद/ शिवहर

सार

बिहार में कड़ाके की ठंड और शीतलहर के चलते जिला प्रशासन ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए अहम फैसले लिए हैं। शिवहर जिले में जिलाधिकारी प्रतिभा रानी के आदेश पर कक्षा 1 से 8 तक के सभी सरकारी और निजी विद्यालय 21 दिसंबर तक बंद कर दिए गए हैं।
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डीएम के फैसले से बच्चों को बड़ी राहत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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शिवहर जिले में बढ़ती ठंड और शीतलहर को देखते हुए जिलाधिकारी प्रतिभा रानी ने बड़ा फैसला लिया है। डीएम ने आदेश जारी कर जिले के सभी सरकारी और निजी विद्यालयों को 21 दिसंबर तक बंद रखने का निर्देश दिया है। यह आदेश कक्षा 1 से 8 तक के सभी विद्यालयों पर लागू होगा। जिलाधिकारी ने बताया कि मौजूदा मौसम परिस्थितियों में अत्यधिक ठंड बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती है। छोटे बच्चों में सर्दी, खांसी, बुखार और अन्य मौसमी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए यह एहतियाती कदम उठाया गया है। प्रशासन का उद्देश्य बच्चों को ठंड से होने वाली संभावित परेशानियों से बचाना है। हालांकि, आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि विद्यालय बंद रहने के बावजूद शिक्षकों को प्रतिदिन विद्यालय आना अनिवार्य होगा। शिक्षक विद्यालय से जुड़े प्रशासनिक और शैक्षणिक कार्यों का निष्पादन करेंगे। जिला शिक्षा विभाग को आदेश के अनुपालन को सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं।
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प्रशासन ने बताया कि मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। यदि ठंड का असर आगे भी जारी रहा तो स्थिति की समीक्षा कर आगे आवश्यक निर्णय लिए जाएंगे। जिला प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों को ठंड से बचाने के लिए जरूरी सावधानियां बरतें और उन्हें अनावश्यक रूप से घर से बाहर न भेजें। इस फैसले के बाद अभिभावकों ने राहत की सांस ली है, वहीं बच्चे भी स्कूल बंद रहने की खबर से खुश नजर आए।

औरंगाबाद में स्कूलों के समय में बदलाव

वहीं, औरंगाबाद जिले में शीतलहर के प्रकोप को देखते हुए जिलाधिकारी अभिलाषा शर्मा ने बच्चों को बड़ी राहत दी है। डीएम ने स्कूलों की संचालन अवधि में बदलाव करते हुए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता-2023 की धारा-163 के तहत विशेष आदेश जारी किया है। आदेश के अनुसार जिले के सभी सरकारी एवं निजी विद्यालयों, निजी कोचिंग संस्थानों, प्री-स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्रों में सभी कक्षाओं की शैक्षणिक गतिविधियां पूर्वाह्न 10:00 बजे से पहले और अपराह्न 04:30 बजे के बाद प्रतिबंधित रहेंगी। सभी कक्षाएं पूर्वाह्न 10:00 बजे से अपराह्न 04:30 बजे के बीच संचालित होंगी। हालांकि बोर्ड परीक्षाओं के लिए संचालित विशेष कक्षाओं को इस प्रतिबंध से मुक्त रखा गया है। यह आदेश 20 दिसंबर से 25 दिसंबर तक प्रभावी रहेगा। जिला दंडाधिकारी ने अभिभावकों, विद्यार्थियों और शैक्षणिक संस्थानों से आदेश का पालन सुनिश्चित करने की अपील की है। इस आदेश की जानकारी मिलते ही बच्चों में खुशी की लहर दौड़ गई। सुबह की कड़ाके की ठंड से राहत मिलने पर स्वेच्छा, पीहू, ऋषिका, हर्ष, रवि समेत कई छात्रों ने खुशी जाहिर करते हुए जिलाधिकारी को “थैंक यू डीएम आंटी” कहा। बच्चों ने कहा कि नई डीएम आंटी बहुत अच्छी हैं और उन्होंने बच्चों का ख्याल रखा है।
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शीतलहर से बचाव को लेकर औरंगाबाद में व्यापक तैयारियां

जिलाधिकारी अभिलाषा शर्मा ने बताया कि जिले में मध्यम से तीव्र शीतलहर की संभावना को देखते हुए प्रशासन द्वारा व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। आम नागरिकों, पशुओं और जरूरतमंद वर्गों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है। जिले के प्रमुख और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर अलाव की व्यवस्था की गई है। बेघर और असहाय लोगों के लिए रैन बसेरों (नाइट शेल्टर) का संचालन किया जा रहा है, जहां निःशुल्क ठहरने की सुविधा उपलब्ध है। साथ ही सभी प्रखंडों में जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरण का कार्य लगातार जारी है। स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए औरंगाबाद सदर अस्पताल में 10 बेड, रूम हीटर, कंबल, आवश्यक दवाइयों और उपकरणों से सुसज्जित “डेडिकेटेड कोल्ड-स्ट्रोक वार्ड” की स्थापना की गई है। सभी सरकारी और निजी अस्पतालों को भी शीतलहर से संबंधित बीमारियों के इलाज की तैयारी रखने के निर्देश दिए गए हैं। पशुओं को ठंड से बचाने के लिए पशुपालन विभाग को भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
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जिलाधिकारी ने कहा कि शीतलहर के मद्देनजर विद्यालयों के संचालन समय में आगे भी बदलाव किया जा सकता है, जिसकी सूचना अलग से जारी की जाएगी। घने कोहरे की संभावना को देखते हुए नागरिकों से अपील की गई है कि वाहन चलाते समय यातायात नियमों का पालन करें, धीमी गति से वाहन चलाएं और फॉग लाइट का प्रयोग करें। उन्होंने बताया कि किसी भी आपात स्थिति में जिला आपदा नियंत्रण कक्ष (DEOC) के दूरभाष संख्या 06186-295027 पर संपर्क किया जा सकता है। जिला प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और शीतलहर के प्रभाव को कम करने के लिए हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं।
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