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बिहार: भाजपा की सबसे कम उम्र की विधायक मैथिली का कद बढ़ा, छह युवा नेता भी नेशनल टीम में शामिल

Wed, 21 Oct 2026 07:52 PM IST
आदित्य आनंद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना

सार

BJP Party: विधायक और गायिका मैथिली ठाकुर का कद अब बढ़ चुका है। मैथिली ठाकुर के साथ बिहार के छह युवा नेताओं को भाजयुमो की नेशनल टीम में जगह मिली है। आइये जानते हैं मैथिली के बारे में...
 
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भाजपा विधायक मैथिली ठाकुर। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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2025 के विधानसभा चुनाव में सबसे कम उम्र जीत हासिल कर सदन पहुंचीं सुप्रसिद्ध गायिका मैथिली ठाकुर एक बार फिर से सुर्खियों में हैं। मैथिली ठाकुर अब भारतीय जनता युवा मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में शामिल हो चुकी हैं। भाजयुमो के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. हेमांग जोशी जिस नई टीम की घोषणा की, उसमें बिहार से विधायक के तौर पर एक मात्र नाम मैथिली का ही है। वहीं विनीत कुशवाहा का भी नाम राष्ट्रीय कार्यकारिणी मे हैं। इनके अलावा बिहार के अन्य चार युवा नेताओं का भी नाम लिस्ट में शामिल है। इनमें राज राजेंद्र सिंह को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। वहीं राहुल झा को राष्ट्रीय मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इनके अलावा हिमांशु यादव को राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी बनाया गया है। वहीं मानवेंद्र चौहान को सोशल मीडिया सह प्रभारी नियुक्त किया गया है।
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वरिष्ठ पत्रकार प्रवीण बागी के अनुसार, भारतीय जनता युवा मोर्चा की राष्ट्रीय टीम में मैथिली को जगह मिलना, यह बताता है कि उनका कद काफी बढ़ चुका है। मिथिला क्षेत्र से आने वाली मैथिली की तारीफ भाजपा के बड़े नेता भी कर चुके हैं। विधानसभा में भी वह अपने क्षेत्र के मुद्दों को उठाती रहती हैं। बिहार चुनाव से पहले वह भाजपा में शामिल हुईं। अलीनगर सीट से चुनाव लड़ा। चुनाव जीतने के बाद वह अपने क्षेत्र में काम भी कर रही हैं। उनके काम को देखते हुए शीर्ष नेतृत्व की ओर से राष्ट्रीय कार्यकारिणी में शामिल किया गया है। 

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कौन हैं मैथिली ठाकुर?
मैथिली ठाकुर का जन्म 25 जुलाई 2000 को बिहार के मधुबनी जिले में हुआ था। उनके पिता रमेश ठाकुर और माता भारती ठाकुर दिल्ली में रहते हैं, जो शिक्षा क्षेत्र से जुड़े हुए हैं। गायिक का बचपन से ही संगीत के प्रति रुझान था, उन्होंने चार साल की उम्र से ही अपने दादा से संगीत सीखना शुरू किया और दस साल की उम्र तक जागरणों और स्थानीय संगीत समारोहों में कार्यक्रमों में प्रस्तुति देने लगीं
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साल 2011 में हुआ संगीत का सफर 
मैथिली की संगीत यात्रा 2011 में शुरू हुई, जब वह जी टीवी में प्रसारित होने वाले लिटिल चैंप्स नामक एक रियलिटी शो में दिखाई दी थीं। इसके बाद साल 2017 में गायिका ने 'राइजिंग स्टार' के सीजन 1 में 'ओम नम: शिवाय' गाया, जिसने उन्हें पहचान दिलाई। इसके बाद उन्होंने 'होली रे रसिया', 'हरि नाम नहीं तो जीना क्या', 'महिषासुरमर्दिनी स्तोत्रम' से लोगों के बीच बेहद लोकप्रिय हो गईं। आज गायिका अपने छोटे भाइयों ऋषभ और अयाची के साथ मिलकर भक्ति गानों के साथ बिहार की लोक संस्कृति को भी गानों के जरिए बयां करती हैं। 
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