सालों बाद एक मंच पर दिखाई दिए लालू यादव और नीतीश कुमार। यह बात अलग है कि दोनों के बीच दुआ सलाम तक नहीं हुई।
एक कार्यक्रम के लिए दोनों एक मंच पर आए तो जरूर लेकिन एक दूसरे पर तंज कसने से चूके नहीं।
माइक पर आने का मौका पहले लालू को मिला तो उन्होंने नीतीश कुमार और उनकी सरकार दोनों पर जमकर निशाना साधा।
मौका नीतीश का आया तो उन्होंने भी लालू को नहीं बक्शा। उन्होंने को लालू के ट्विटर पर आने को भी निशाने पर ले लिया।
लोहिया के आदर्शों पर चलने का दावा करने वाले नीतीश और लालू आज बेशक अलग अलग राह पर खड़े हैं लेकिन हमेशा ऐसा नहीं था।
आपको बता दें कि एक अखबार के कार्यक्रम में दोनों साथ दिखे थे। इस मौके पर मीडिया की स्वतंत्रता को लेकर भी दोनों ने एक दूसरे पर निशाना साधा।