एनडीए के सम्मेलन में शामिल भाजपा और जदयू के कार्यकर्ता।
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कोसी के इलाके में खनन को छूट मिले तो गाद से भी मिलेगी मुक्ति
इससे पूर्व सूबे के पीएचईडी मंत्री सह छातापुर विधायक नीरज कुमार सिंह बबलू ने कोसी-मेची लिंक परियोजना सहित सरकार की अन्य योजनाओं का जिक्र किया। कहा कि 7500 करोड़ की नदी जोड़ो परियोजना से बिहार का बड़ा इलाका बाढ़ की समस्या से निजात पाएगा। उन्होंने डिप्टी सीएम से कोसी तटबंध के इलाके में मिट्टी खनन को छूट देने की अपील की। कहा कि गाद के रूप में जमा यह मिट्टी बाढ़ की समस्या को भी गंभीर करती जा रही है। नदी के बीच बालू नहीं है। इस रेतीली मिट्टी पर खेती भी मुश्किल है। ऐसे में अगर खनन को छूट मिलती है तो गाद की समस्या से भी कुछ हद तक निजात मिलेगी। उन्होंने विशेष तौर पर सुपौल जिले के विकास के लिए ऊर्जा मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव के प्रयासों की सराहना की।
एनडीए की मजबूती के लिए बूथ स्तर तक एकजुटता जरूरी
इधर, जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने कहा कि बिहार में डबल इंजन की सरकार विकास के लिए प्रतिबद्ध है। प्रधानमंत्री के दौरे में बिहार और विशेष तौर पर कोसी के इलाके को कई सौगात मिलने की उम्मीद है। उन्होंने पीएम की सभा में अधिक से अधिक संख्या में भागीदारी सुनिश्चित करने अपील की। कहा कि 2025 का विधानसभा चुनाव नजदीक है, ऐसे में बूथ स्तर तक एनडीए की एकजुटता जरूरी है। कार्यक्रम को सांसद दिलेश्वर कामत, विधायक अनिरुद्ध यादव, रामविलास कामत, विधान परिषद के पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष हारुण रशीद, एनडीए जिला संयोजक नागेंद्र नारायण ठाकुर, भाजपा जिलाध्यक्ष नरेंद्र ऋषिदेव, जदयू जिलाध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद यादव, संतोष प्रधान, विजय शंकर चौधरी आदि ने भी संबोधित किया।
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