बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर बोधगया में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी सह सांस्कृतिक कार्यक्रम में बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने विकास, रोजगार, शिक्षा और कानून व्यवस्था को लेकर कई बड़े एलान किए। उन्होंने विष्णुपद कॉरिडोर के लिए 2800 से 3000 करोड़ रुपये देने की घोषणा की, वहीं मठ की जमीन पर अवैध कब्जा हटाने के लिए विशेष अभियान चलाने की बात कही।
दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम की शुरुआत
बोधगया में स्थित शंकराचार्य मठ में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इस दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि भगवान बुद्ध के चरणों में आकर उन्होंने श्रद्धा सुमन अर्पित किया है। इस दौरान उन्होंने कहा कि यहीं गौतम बुद्ध को ज्ञान की प्राप्ति हुई थी और पूरी दुनिया को शांति का संदेश मिला इसलिए बोधगया मोक्ष और ज्ञान की धरती है और इससे पवित्र स्थान दुनिया में दूसरा नहीं हो सकता।
'भारत कभी समाप्त नहीं हुआ'
मुख्यमंत्री ने कहा कि इतिहास में कई आतंकी और आक्रमणकारी आए, जिन्होंने दुनिया को लूटने का काम किया, लेकिन भारत कभी समाप्त नहीं हुआ। उन्होंने सिख समाज के योगदान का जिक्र करते हुए कहा कि जब-जब संकट आया, सिख भाइयों ने देश और धर्म की रक्षा के लिए संघर्ष किया। उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विकसित भारत बनाना चाहते हैं, जबकि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समृद्ध बिहार के लक्ष्य पर काम कर रहे हैं। सरकार शांति, न्याय और विकास के साथ आगे बढ़ रही है और किसी प्रकार का भेदभाव नहीं किया जाएगा।
'22 हजार एकड़ में विकसित की जाएगी मगध टाउनशिप'
सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार में इंडस्ट्रियल कॉरिडोर बनाया जा रहा है और 22 हजार एकड़ में मगध टाउनशिप विकसित की जाएगी। उन्होंने नालंदा विश्वविद्यालय का उल्लेख करते हुए कहा कि जब वहां किताबें जलाई गई थीं, तब छह महीने तक 90 लाख पुस्तकें जलती रहीं, लेकिन आज बिहार फिर से विकास और ज्ञान की राह पर आगे बढ़ रहा है।
विष्णुपद कॉरिडोर और बोधगया विकास
मुख्यमंत्री ने विष्णुपद कॉरिडोर के निर्माण के लिए 2800 से 3000 करोड़ रुपये की घोषणा करते हुए कहा कि अगले एक महीने के भीतर बोधगया कॉरिडोर को भी स्थापित करने की दिशा में काम शुरू होगा। उन्होंने कहा कि बिहार में उद्योग लगाने वालों को प्रोत्साहन दिया जाएगा और खरीदारी में 30 प्रतिशत निर्माण बिहार में ही सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि बिहार का पैसा बिहार में ही खर्च हो। उन्होंने बिहार दर्शन कार्यक्रम शुरू करने और बोधगया मठ में मौजूद सैकड़ों वर्ष पुरानी मूर्तियों के संरक्षण के लिए म्यूजियम बनाने की घोषणा भी की। शिक्षा व्यवस्था पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले दो वर्षों में ऐसे मॉडल स्कूल बनाए जाएंगे, जहां मंत्री और विधायकों के बच्चे भी पढ़ेंगे।
गया में होगा अपराधियों का पिंडदान
महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा पर उन्होंने कहा कि सरकार हर जरूरी कदम उठाएगी। वहीं अपराधियों पर निशाना साधते हुए कहा कि गया पिंडदान के लिए प्रसिद्ध है और अब कई अपराधियों का भी पिंडदान होने लगा है।
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अवैध कब्जे पर कार्रवाई
मठ की जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायतों पर मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिकारी जनता दरबार लगाएंगे और 30 दिनों के भीतर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि बिहार तभी बदलेगा, जब भयमुक्त होगा और अवैध कब्जा हटाने का अभियान बोधगया से शुरू किया जाएगा।