दरभंगा जिले में पिछले 48 घंटे के भीतर दो मासूमों को दरिंदों द्वारा हवस का शिकार बनाए जाने के बाद भले ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों दरिंदों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है। लेकिन घटना से पीड़ित दोनों बच्ची के जख्म को देखकर परिवार पर दुखों का पहाड़ गिर पड़ा है।
पहली घटना कुशेश्वरस्थान थाना क्षेत्र में सोमवार रात की है, जब एक छह वर्षीय बच्ची दूध देने जा रही थी। इस दौरान गांव पंचायत समिति सदस्य के पुत्र महाकांत पासवान (50) के द्वारा बच्ची को बहला फुसला कर उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया गया। घटना के बाद से ही बच्ची डीएमसीएच के आईसीयू में जिंदगी और मौत से जूझ रही है। अभी यह मामला पूरी तरीके से शांत भी नहीं हुआ था कि गुरुवार रात केवटी थाना क्षेत्र के एक गांव में अपनी बहन के घर आए आरोपी सुनील कुमार (35) ने बच्ची को गोद में खिलाने के बहाने एकांत में ले जाकर दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया। जब बच्ची दर्द से कराहती हुई दिखाई पड़ी तो परिजनों के देखते होश उड़ गए। परिजनों ने तत्काल आनन-फानन में केवटी पीएचसी में इलाज के लिए भर्ती करवाया। जहां से डॉक्टरों ने उसकी हालत गंभीर बताते हुए डीएमसीएच रेफर कर दिया। डीएमसीएच के इमरजेंसी विभाग के डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के गायनिक विभाग में ट्रांसफर कर दिया है, जहां डॉक्टरों की टीम दोनों बच्चियों का इलाज करने में लगी है।
दोनों घटना के बाद FSL की टीम ने घटना स्थल से सैंपल का कलेक्शन कर साथ ले गई है और पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भी भेज चुकी है। लेकिन बच्ची और परिवार को मिले जख्म को कैसे पुलिस निकाल पाएगी। यह बात लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया है। आखिर समाज कहां पहुंच गया है कि पहली घटना में चार बच्चों का पिता होने के बाद बिना संबंधों का ख्याल रखे बच्ची से कहीं ज्यादा अधेड़ उम्र रहने के बाद किस मानसिकता से आरोपितों ने घटना को अंजाम दिया है। यह समाज के लिए चिंता का विषय है।
इस संबंध में एसएसपी जगुनाथ रेड्डी ने कहा कि दोनों पीड़ित बच्चियों का इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक, बच्ची की हालत स्टेबल बताई गई है। इन दोनों घटना के आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। इस घटना में तेजी से कार्रवाई की जा रही है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने दोनों घटना में तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।