प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बिहार में बड़ी कार्रवाई की है। ईडी ने उत्तर बिहार में कथित नक्सल मुसाफिर साहनी और अनिल राम की कई संपत्तियों और कारों को जब्त किया है। अभियुक्तों की जब्त संपत्तियां मुजफ्फरपुर और वैशाली जिले में हैं जिनको जब्त किया गया। दोनों के खिलाफ मनी लॉंडरिंग अधिनियम (पीएमएलए) की रोकथाम के तहत मामला दर्ज किया गया है।
बता दें कि इससे पहले ईडी ने नक्सली संगठन भाकपा माओवादी के बिहार-झारखंड कमेटी प्रमुख संदीप यादव के तीन ठिकानों पर छापेमारी करसंपत्ति सील कर दी थी। ईडी ने औरंगाबाद जिला मुख्यालय पर टिकरी रोड स्थित दो और गया जिले के बांकेबाजार थाना मुख्यालय में उसके भाई के नाम की संपत्ति सील की है।
संदीप गया जिले के लुटुआ थाना अंतर्गत बाबू रामडीह का रहने वाला है।
संदीप ने करोड़ों की संपत्ति अर्जित की थी। संदीप यादव भाकपा माओवादी संगठन में प्रमुख स्थान रखता है। 18 जुलाई 2017 को औरंगाबाद-गया की सीमा पर डुमरी नाला के पास सर्च अभियान के लिए निकली कोबरा की टीम से नक्सलियों की मुठभेड़ हुई थी।
नक्सलियों के सीरियल ब्लास्ट व गोलीबारी में 10 जवान शहीद हो गए थे। इस घटना को संदीप के नेतृत्व में हुई सबसे बड़ी कार्रवाई माना गया है। नक्सली वारदातों में जिले में संदीप यादव पर 64 केस दर्ज हैं।यह पहली बार है जब किसी जांच एजेंसी ने नक्सलियों के लीडर की प्रॉपर्टी पर कब्जा किया है।