मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि आज के दौर में महिलाओं के पहनावे पर चर्चा या टिप्पणी बिल्कुल उचित नहीं है। ऐसा करने से बचना चाहिये। साथ ही उन्होंने कहा कि उनके अनुसार बालिग होने की उम्र 18 वर्ष से घटाकर 16 वर्ष कर देनी चाहिये।
नीतीश कुमार ने यह बातें जनता दरबार के बाद संवाददाताओं से चर्चा के दौरान कहीं। मुख्यमंत्री से दिल्ली गैंगरेप के बाद महिलाओं व लड़कियों के पहनावे को लेकर आ रही टिप्पणियों के संबंध में सवाल पूछा गया था।
सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि अजीब बात है, कभी पुरुषों के पहनावे पर तो बात नहीं की जाती। हम इक्कीसवीं सदी में हैं। महिला, आधी आबादी है यानी धरती की आधी ताकत है। वह बराबर की हकदार है। उसके सशक्तीकरण का दौर है। पुरुषों को ये सच्चाई ध्यान में रखनी चाहिये।
नीतीश कुमार ने कहा कि उनके अनुसार जरुरत है अपनी नजर ठीक रखने की। खुद पर नियंत्रण रखने की बात है। महिलाओं के अधिकार को उनके ऊपर छोड़ देना चाहिये। मनोवृत्ति के कारण अपराध हो रहे हैं और सामाजिक प्रयास से मनोवृत्ति को सुधारा जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने एक अन्य सवाल के जवाब में कहा कि बालिग होने की उम्र 18 वर्ष से घटाकर 16 वर्ष कर दी जानी चाहिए। देखने में आ रहा है कि सोलह से अठारह साल के बीच के बच्चों द्वारा अधिक अपराध किए जा रहे हैं। इसलिए जुवेनाइल जस्टिस मामले में पुनर्विचार होना चाहिए।