री-एग्जाम को लेकर पटना में प्रदर्शन।
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बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा ली गई 70वीं पीटी परीक्षा को दोबारा कराने की मांग को लेकर पटना में मंगलवार को भी प्रदर्शन हुआ। बीपीएससी अभ्यर्थियों ने गर्दनीबाग और मुसल्लहपुर हाल में विरोध प्रदर्शन किया। सोमवार की तरह ही मंगलवार को भी पटना में छात्र और शिक्षक सड़क पर उतर गए। कई अभ्यर्थी गर्दनीबाग धरनास्थल पर भी प्रदर्शन कर रहे हैं। शिक्षकों में खान सर समेत कई लोग शामिल हैं। यह सभी छात्रों के प्रदर्शन को अपना समर्थन दे रहे हैं। सभी लोग बीपीएससी और नीतीश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे हैं। इनकी मांग है कि बिहार लोक सेवा आयोग 70वीं पीटी परीक्षा को जल्द से जल्द रद्द करे और दुबारा एग्जाम ले।
पहले वाले आंदोलन में कई राजनेताओं की एंट्री हो गई थी
इधर, पत्रकारों से बातचीत करते हुए खान सर ने कहा कि यह बीपीएससी आंदोलन 2.0 है। इसके पहले वाले आंदोलन में कई राजनेताओं की एंट्री हो गई थी। इस कारण नीतीश सरकार को लगा की छात्र सीरियस नहीं है। लेकिन, अब हमलोगों ने इस आंदोलन का 2.0 नाम रखा है। अभ्यर्थियों ने भी यह कहा है कि यह हमलोगों का आंदोलन है। हमलोग अपने बलबूते लड़ाई लड़ेंगे। इसमें किसी नेता की एंट्री नहीं होगी। खान सर ने स्पष्ट कहा है कि हमलोग किसी भी नेता की एंट्री नहीं होने देंगे।
खान सर ने कहा कि हमलोग री-एग्जाम लेकर रहेंगे
री-एग्जाम की मांग पर खान सर ने कहा कि हमलोग री-एग्जाम लेकर रहेंगे। हमलोगों का आंदोलन जारी रहेगा। हमलोगों के पास परीक्षा रद्द कराने के पर्याप्त सबूत हैं। हम इसे कोर्ट में पेश करेंगे और हमलोग जीत जाएंगे। खान सर ने कहा कि सरकार को छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए बीपीएससी 70वीं की पीटी परीक्षा रद्द कर देनी चाहिए।