भागलपुर में एक युवक ने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। मामला बबरगंज थाना क्षेत्र के मोदीनगर इलाके का है। मृतक की पहचान दीपक कुमार (26) के रूप में हुई है। आत्महत्या से पहले उन्होंने डायरी के आठ पन्नों में सुसाइड नोट लिखा है। इसमें उसने अपनी मौत के लिए अपनी पत्नी, सास और साला को दोषी बताया है। अब दीपके के परिवार वालों ने पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है।
इधर, घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके पर FSL (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) टीम को बुलाया है। पुलिस टीम घटनास्थल से सबूत इकट्ठा करने में लगी हुई है और मामले की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि आत्महत्या का मामला प्रतीत हो रहा है। घटनास्थल से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है। इसमें दीपक कुमार ने अपनी पत्नी और ससुरालवालों पर प्रताड़ना का आरोप लगाया था। पुलिस इस सुसाइड नोट को एक अहम सबूत मानते हुए पूरी घटना की गहनता से जांच कर रही है।
सुसाइड नोट में दीपक ने यह बातें लिखीं
दीपक ने उसने अपनी पत्नी और ससुरालवालों पर मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया। दीपक ने सुसाइड नोट में लिखा कि मेरी पत्नी ने पिछले नौ महीने से मेरा मोबाइल नंबर ब्लॉक करके रखा है। मेरी उससे बात नहीं होती है। लोग मुझ पर हंसते हैं।" इसके अलावा दीपक ने यह भी आरोप लगाया कि ससुरालवालों ने स्थानीय पुलिस के जरिए उसे नोटिस भेजा और उस पर कई गंभीर आरोप लगाए, जिससे वह मानसिक तनाव का शिकार हो गया था। दीपक ने अपने सुसाइड नोट में लिखा कि इन परेशानियों के कारण वह आत्महत्या करने के लिए मजबूर हो गया।
शादी के तीन साल बाद पत्नी छोड़कर चली गई
दीपक के परिजन ने बताया कि 2020 में दीपक की शादी झारखंड के साहिबगंज जिले में हुई थी। शादी के तीन साल बाद पत्नी छोड़कर चली गई थी। इसके बाद से दीपक अवसाद में चला गया था। मायके वालों ने आरोप लगाया कि हमलोगों ने जब ससुराल वालों से बातचीत की तो उनलोगों ने कहा कि दीपक कमाता नहीं है। दिनभर नशा करता है। एक लाख कमाएगा तब हम अपना बेटी को विदा करेंगे। वह किसी किसी बात पर दीपक को प्रताड़ित करते थे। पुलिस से अपील है कि वह इस मामले को गंभीरता से ले और आरोपियों की गिरफ्तारी करे।