दरभंगा में विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र के रुहेलागंज निवासी राकेश रौशन से 50 लाख 85 हजार रुपये साइबर ठगों ने उनके खाते से उड़ा लिया है। पीड़ित के मोबाइल पर अज्ञात नम्बर से साइबर ठगों ने फोन करके कहा कि मैं मुम्बई के चेम्बूर थाना थाना से बोल रहा हूं। आपके आधार कार्ड से फ्रॉड हो गया है। आपका जो मुम्बई के केनरा बैंक के खाता है, उससे नरेश गोयल को कैश ट्रांसफर किया गया था। अब इस रुपये की लिए आपके मोबाइल नम्बर से उन्हें परेशान किया जा रहा है। यह बात सुनते ही राकेश रौशन हैरान रह गए। वह कुछ समझ पाते तब तक साइबर ठगों उन्हें डराने और धमकाने लगा। इस मामले में पीड़ित ने ठगी का जानकारी होते ही डायल 1930 पर कॉल करके शिकायत दर्ज कराई। इस मामले साइबर तकनीकी सेल ने तत्काल 27 लाख रुपये साइबर ठगों द्वारा ठगी की रकम को होल्ड कर लिया है।
साइबर ठगों ने झांसे में ले लिया
पीड़ित राकेश रौशन ने बताया कि मैं पांच वर्ष पहले तक मुम्बई में ही रहा करता था। लेकिन, पूरे परिवार के साथ कोरोना काल में वापस दरभंगा आ गया था। फिर वापस मुम्बई नहीं लौट पाया। उन्होंने बताया कि उनका मुम्बई के एक्सिस बैंक में खाता है। जबकि केनरा बैंक में कोई खाता ही नहीं है। साइबर ठगों ने झांसे में ले लिया। कहा कि सारे पैसे ट्रांसफर करो, जांच के बाद पुलिस इसे आपके खाते में लौटा देगी। इस पूरे बातचीत के दौरान पीड़ित को साइबर ठगों में पूरी तरीके से अपनी गिरफ्त में लिया था।
27 लाख रुपये को होल्ड कर लिया
साइबर ठगों के झांसे में आने के बाद पीड़ित ने मुम्बई के तारकेश्वर शाखा के आईसीआईसीआई बैंक के खाताधारी शालिया एक्सपोर्ट एंड इंपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड के खाते पर 35 लाख, जोधपुर के बंधन बैंक के खाताधारी श्रीनाथ लमिताशन ज्वेलरी के खाते पर पांच लाख 85 हजार, वही भिलाई शाखा के बंधन बैंक के खाताधारी मुकेश वेगेटवल्स के खाते पर छह लाख, परबतसर शाखा के खाताधारी पन्ना राम के खाते पर चार लाख रुपये भेज दिया। इस तरह से पीड़ित ने चार बार के ट्रांजेक्शन में कुल 50 लाख 85 हजार ठगों के खाते में भेज दिया। इसके बाद साइबर ठगों ने अपने मोबाइल नंबर को बंद कर लिया। ठगी के मामले को लेकर पीड़ित ने साइबर क्राइम के 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराई है। इस सम्बंध में ट्रैफिक डीएसपी सह साइबर थानाध्यक्ष अवधेश कुमार ने बताया कि इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई है। वहीं इस मामले ठगों के द्वारा ठगी की गई 27 लाख रुपये को होल्ड कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।