निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की मुख्यालय टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय में पदस्थापित प्रधान लिपिक और कम्प्यूटर ऑपरेटर को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई अरवल जिले से की गई है। आरोपियों में प्रधान लिपिक मनोज कुमार और कम्प्यूटर ऑपरेटर संतोष कुमार शर्मा हैं, जिन्हें पचास हजार रुपये रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया है।
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इस संबंध में टीम ने जानकारी देते हुए बताया कि अरवल जिले के वाना मेहदिया निवासी स्व० रामरूप सिंह के पुत्र परिवादी कृष्णनन्द सिंह ने निगरानी अन्वेषण ब्यूरो में 21 अप्रैल को शिकायत दर्ज कराई थी कि जिला शिक्षा पदाधिकारी के कार्यालय में पदस्थापित आरोपी प्रधान लिपिक मनोज कुमार और कम्प्यूटर ऑपरेटर संतोष कुमार ने सेवा निवृत होने के बाद होने वाले आर्थिक भुगतान करने के लिए रिश्वत की मांग की थी।
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शिकायत मिलने के बाद निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने परिवादी की शिकायत का सत्यापन कराया गया एवं सत्यापन के क्रम में आरोपी मनोज कुमार और संतोष कुमार शर्मा के द्वारा रिश्वत मांगे जाने का प्रमाण पाया गया। प्रथम दृष्टया आरोप सही पाये जाने के पश्चात् उपरोक्त कांड अंकित कर अनुसंधानकर्ता पवन कुमार-।।, पुलिस उपाधीक्षक, निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, पटना के नेतृत्व में एक धावादल का गठन किया गया, जिनके द्वारा कार्रवाई करते हुए अभियुक्त मनोज कुमार और संतोष कुमार शर्मा को पचास हजार रुपये रिश्वत लेते जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय के निकट भवानी होटल से रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया।