मुखिया संघ ने जताया विरोध।
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घटना के बाद जनप्रतिनिधियों में आक्रोश
इधर, इस घटना से जिले भर के मुखिया और जनप्रतिनिधियों में भारी आक्रोश व्याप्त है। मुखिया संघ ने जिला प्रशासन और सरकार पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है। हत्या के बाद बुधवार को बड़ी संख्या में मुखिया और जनप्रतिनिधि पहुंचे। मौके पर मौजूद मुखिया संघ के जिलाध्यक्ष अनिल कुमार सिंह उर्फ मखरू सिंह ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा की सरकार की सारी घोषणाएं केवल कागजों तक सीमित हैं। उन्होंने बताया कि मृतक मुखिया ने हथियार के लाइसेंस के लिए आवेदन भी किया था, लेकिन उसे अब तक लाइसेंस नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि सरकार अगर जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा नहीं कर सकती तो ऐसे में पंचायती राज व्यवस्था का कोई औचित्य नहीं बचता।