फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bihar News : होलिका दहन के दिन दी गई थी नर बलि, आरोपी ने कारण बताया तो हैरान रह गई पुलिस

Fri, 28 Mar 2025 10:24 PM IST
कृष्ण बल्लभ नारायण न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, औरंगाबाद

सार

Murder Case : होलिका दहन देखने के लिए एक शख्स घर से निकले थे, लेकिन फिर वापस घर नहीं लौट पाए। काफी खोजबीन हुई, लेकिन साड़ी मेहनत बेकार। होलिका जल जाने के बाद अगले दिन होलिका के राख से हड्डी बरामद हुआ। 
विज्ञापन
पुलिस की गिरफ्त में आरोपी - फोटो : अमर उजाला डिजिटल
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

गांव के कुछ लोगों ने मिलकर एक शख्स की बलि चढ़ा दी। पुलिस ने इस मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया है। हालांकि तंत्र मंत्र कराने वाला तांत्रिक अभी फरार है, जिसे पुलिस सरगर्मी से तलाश रही है। मामला औरंगाबाद के मदनपुर थाना क्षेत्र के बंगरे गांव का है।

विज्ञापन


यह खबर भी पढ़िए -Bihar: कोसी-मेची प्रोजेक्ट को आखिर कितनी बार स्वीकृति? जमीन पर काम नहीं, बिहार चुनाव से पहले फिर वही खबर आई

बली चढ़ाकर होलिका दहन में जलाया 
 मदनपुर थाना क्षेत्र के बंगरे गांव में जिस जगह पर होलिका दहन हुआ था, उसी जगह पर राख में हड्डी मिली थी। ग्रामीणों ने इसकी सूचना मदनपुर थाना को दी। मामले को लेकर पुलिस ने फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम को घटनास्थल पर बुलाया था। टीम ने घटनास्थल से सैंपल लिए। इधर पुलिस मामले की लगातार छानबीन में जुटी थी। उधर लोगों के बीच यह चर्चा हो रही थी कि ओझा-गुणी और तंत्र-मंत्र के चक्कर में पड़कर कुछ लोगों ने गांव के युगल यादव की बलि चढ़ा दी है। युगल की धारदार हथियार से गर्दन काटकर हत्या की गई थी। सिर को बोरे में भरकर तालाब में गाड़ दिया गया था और शव को होलिका में डालकर जला दिया गया। अब पुलिस ने इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझा ली है। मामले में पुलिस ने मदनपुर थाना क्षेत्र के पूर्णाडीह गांव के बघार से जमीन में दफनाया हुआ नरमुंड बरामद कर लिया और परिजनों ने नरमुंड के मदनपुर थाना क्षेत्र के गुलाब बीघा गांव निवासी स्व. नथुनी यादव के पुत्र युगल यादव (60) के होने का दावा भी कर दिया। इसके बाद पुलिस ने नरमुंड को जांच के लिए मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल, भेज दिया।

यह खबर भी पढ़िए -BSEB Result : कल निकलेगा मैट्रिक परीक्षा का रिजल्ट, ऐसे देखें अपना परीक्षाफल

होलिका दहन करने निकले, फिर वापस न लौटे  
परिजनों ने बताया कि गुलाब बिगहा निवासी युगल यादव 13 मार्च को होलिका दहन के लिए साइकिल से घर से निकले थे। इसके बाद उनका कुछ पता नहीं चल पा रहा था। लापता होने के 6 दिन बाद तक परिजन लगातार खोजबीन करते रहे। इसके बावजूद कुछ भी पता नहीं चल सका।
विज्ञापन


जलवन आहर के पास मिली चप्पल
इस बीच घटना के कुछ दिन बाद जलवन आहर के पास युगल यादव की एक जोड़ी चप्पल और उससे कुछ दूरी पर दक्षिण दिशा में बंगरे के होलिका दहन वाली जगह से हड्डी बरामद हुई। इसके बाद इसकी सूचना मदनपुर थाना की पुलिस को दी गई। उस वक्त भी युगल यादव के छोटे भाई राजाराम यादव ने पुलिस के समक्ष दावा किया कि चप्पल और हड्डी संभवतः उनके भाई की ही है।


गहराई से छानबीन में हुआ खुलासा
इसी के बाद पुलिस मामले की और गहराई से छानबीन में जुटी। इस दौरान पुलिस ने कुछ संदिग्ध लोगों को गिरफ्तार कर उनसे पूछताछ भी की। पुलिस को कई अहम सुराग हाथ लगे, जिसके आधार पर पुलिस ने कार्रवाई की। मामले में पुलिस भी यह मान रही है कि नरमुंड युगल यादव का ही है। पुलिस ने संदिग्धों से पूछताछ के बाद उनके बयान और निशानदेही पर नरमुंड और हत्या में प्रयुक्त हथियार भी बरामद कर लिया है।

एसपी ने बताया, इस वजह से दी गई थी नरबलि
पूरे मामले का खुलासा करते हुए औरंगाबाद के पुलिस अधीक्षक अम्बरीष राहुल ने बताया कि मदनपुर के पूर्णाडीह निवासी सुधीर पासवान को बच्चा नहीं हो रहा था। इसे लेकर वह गांव के ही तांत्रिक रामाशीष रिकियासन के पास पहुंचा, जहां रिकियासन ने उसे बच्चा होने का भरोसा दिलाया और नरबलि से बच्चा होने का उपाय बताया। इसके बाद ही उसने कुछ लोगों के साथ लेकर इस वारदात को अंजाम दिया। उन्होने बताया कि होलिका दहन वाले स्थान पर जली हुई हड्डी मिलने के बाद उनके निर्देश पर एसडीपीओ-2 अमित कुमार के नेतृत्व में एसआइटी गठित की थी। एसआइटी ने होलिका दहन वाले स्थान से जली हुई हड्डी बरामद की। साथ ही पास की पुलिया पर खून के निशान भी पाये।


ट्रैकर डॉग ने किया तांत्रिक के घर को ट्रैक
मामले में जब डॉग स्क्वायड और एफएसएल टीम जांच करने पहुंची तो ट्रैकर डॉग खून के निशान वाले स्थान तथा हड्डी वाले स्थान से होते हुए संदिग्ध व्यक्ति रामाशीष भुइयां के घर पर जा बैठा। लेकिन रामाशीष भुइयां घर पर मौजूद नहीं था। घर पर उनका साला धर्मेंद्र भुइयां मौजूद था जिसे पुलिस ने हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की। पूछताछ में धर्मेंद्र ने सारा राज उगल डाला। फिर पुलिस ने एक एक कर घटना में शामिल 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। जबकि मुख्य आरोपी पूर्णाडीह निवासी तांत्रिक रामाशीष रिकियासन अभी फरार है। मामले के 01 विधि विरूद्ध बालक भी निरूद्ध है। एसपी ने बताया कि गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में अभियुक्तों ने पुलिस के समक्ष स्वीकार किया कि मृतक का गर्दन काटकर धड़ को होलिका दहन में जला दिया गया था। मामले में एफएसएल की टीम ने डीएनए जांच की थी एवं सिर को बोन टेस्टिंग के लिए पटना भेजा गया था।

तांत्रिक ने ही दिलवाई नरबलि
एसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान अभियुक्तों के द्वारा बताया गया कि अभियुक्त रामाशीष रिकियासन एक तांत्रिक व्यक्ति है, जो सुधीर पासवान को बच्चा नहीं होने के कारण तांत्रिक अनुष्ठान कर मानव बलि का कार्य करा रहा था। मामले में गिरफ्तार अभियुक्तों का सुधीर पासवान(33), नन्हकू उर्फ संजीत कुमार(19), कारू भुईयां उर्फ रौशन कुमार(18) शामिल है। मामले में पुलिस तांत्रिक की तलाश में जुटे होने के साथ आगे की कार्रवाई में जुटी है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें