Bihar News : भारत निर्वाचन आयोग ने अनुसार अब तक 80.11% वोटर लिस्ट वैरिफिकेशन हो चुका है। अब 'अमर उजाला' आपके सामने एक तस्वीर ला रहा है, जिसमें यह दिख रहा है कि बीएलओ के मतदाता के पास जाने से पहले ही फॉर्म पर मतदाता के हस्ताक्षर हो जा रहा।
बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण का काम चल रहा है। भारत निर्वाचन आयोग के अधिकारियों का दावा है कि अब तक मतदाता गणना फॉर्म 80.11 फीसदी जमा हो चुके हैं। अब 'अमर उजाला' आपके सामने एक ऐसी तस्वीर ला रहा है, जिसमें बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) वोटर लिस्ट वैरिफिकेशन का काम कैसे कर रहे हैं। यह जरूरी नहीं कि हर जगह ऐसा हो रहा हो और यह भी जरूरी नहीं कि सिर्फ इसी जगह यह खेल हाे रहा है। यह मामला पटना में सामने आया है, जहां मतदाता के पास बिना गए ही फॉर्म पर मतदाता के हस्ताक्षर हो जा रहे हैं। यह वोटर लिस्ट वैरिफिकेशन के पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठाने के लिए काफी है। अब वह पूरी कहानी 'अमर उजाला' आपके सामने ला रहा है। यह मामला पटना के पॉश एरिया का है।
ऐसे खुला लापरवाही का मामला
अमर उजाला के पास पटना में रहने वाले सामाजिक कार्यकर्ता नरेश अग्रवाल आए और उन्होंने वोटर लिस्ट वैरिफिकेशन कार्य में लापरवाही की आपबीती बताते हुए प्रमाण दिखाए। इस दौरान उन्होंने जो बताया वह काफी हैरान कर देने वाला है। उन्होंने इस पूरे मामले का जिक्र करते हुए कुछ फोटो और वीडियो चुनाव आयोग को ईमेल किये हैं। दरअसल वोटर लिस्ट वैरिफिकेशन कराने के लिए वह बुद्ध मूर्ति के पास स्थित सेवेरिन हाई स्कूल में बनाए गये बूथ संख्या 380 पर गए तो पता चला उनका, उनकी पत्नी और उनके पिता का नाम उस बूथ संख्या पर है लेकिन उनकी माता का नाम उस बूथ संख्या पर नहीं है। काफी देर इधर-उधर पता करने पर यह मालूम हुआ कि उनकी मां का नाम उस बूथ संख्या से लगभग 300 मीटर की परिधि में दूसरे बूथ पर है। खैर, अब बूथ संख्या 380 पर उन्होंने अपना, अपनी पत्नी का और अपने पिता का वोटर लिस्ट वैरिफिकेशन फॉर्म जब निकलवाया तो फॉर्म देखकर वह हैरान रह गये। फॉर्म पूरी तरह भरा हुआ था। यहां तक कि सभी फॉर्म पर आवेदक के हस्ताक्षर भी पहले से किये हुए थे।
चुनाव कर्मी और पदाधिकारियों ने कहा- आपके हल्ला करने से कोई फर्क पड़ने वाला नहीं
यह देखकर उस शख्स ने इस बात पर आपत्ति करते हुए हंगामा करने लगे। अब आप आश्चर्य मत कीजिये क्यों कि उस बूथ पर मौजूद चुनाव आयोग के अधिकारी और बूथ लेवल अधिकारी उसी शख्स पर बरसने लगे। उन्होंने कहा कि आपके हल्ला करने या शोर मचाने से कुछ नहीं होगा। आप बस इतना ही कीजिये कि फॉर्म पर अपना नाम लिख कर वापस जमा कर दीजिये। आप समाज सुधारक बनने की कोशिश मत कीजिये। आपके हल्ला करने से कोई फर्क पड़ने वाला नहीं।