राजद के प्रदेश अध्यक्ष जगतानंद सिंह।
- फोटो : अमर उजाला डिजिटल
पूर्व उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव हर मंच से इस बात को कहते नजर आ रहे हैं कि नीतीश कुमार यह कहते थे कि मर जाऊंगा मिट जाऊंगा लेकिन भाजपा में नहीं जाऊंगा लेकिन वह अपनी बातों से फिर पलट गए। इस बात को लेकर राजद के प्रदेश अध्यक्ष ने नीतीश कुमार पर नरमता दिखाते नजर आये। उन्होंने कहा कि हमारा दरवाजा बंद नही है लेकिन जब कोई निरीह आवाज देता है तो एक इन्सान में दया का भाव आ ही जाता है। नीतीश 2015 के चुनाव के बाद तो ख़त्म होने जा रहे थे। राज्यसभा के उनके सारे उम्मीदवार हारने वाले थे तब नीतीश कुमार शरण में चले गये। वह जैसे ही हारते उनके जदयू की सारी टीम भाजपा में चले जाने के लिए तैयार थी। लेकिन लालू प्रसाद में एक ही बात है कि जिसमें समाजवाद का थोड़ा सा भी अंश है उसे शरण दो और दंगाईयों से बचा सके तो बचा लो। उनको दंगाईयों और नफरतियों से बचा लो।