बिहार की राजधानी पटना में मंगलवार शाम हुई इंडिगो के मैनेजर रूपेश कुमार सिंह की हत्या पर सियासी संग्राम छिड़ गया है। हत्या को लेकर राजद और कांग्रेस के साथ साथ भाजपा ने भी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर जोरदार हमला बोला है। वहीं, नीतीश कुमार ने बिहार के डीजीपी को तलब कर हत्यारों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने का निर्देश दिया है। साथ ही लापरवाही बरतने वाले पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा है।
राज्य नहीं संभल रहा तो इस्तीफा दें नीतीश
बिहार गलत हाथों में चला गया है। नीतीश कुमार पूरी तरह से थक चुके हैं। अब उनसे बिहार संभल नहीं रहा है, इसलिए वे इस्तीफा दें। बिहार में पूरी तरह से जंगलराज है और यहां के महाराजा नीतीश हैं। अब रूपेश के घर वाले छठ पर्व मना सकते हैं यह बात दिल्ली में बैठे पीएम मोदी से पूछनी चाहिए। पीएम इस मामले पर चुप क्यों हैं? - तेजस्वी यादव, नेता प्रतिपक्ष
बिहार में कानून व्यवस्था नहीं
बिहार में सरकार भाजपा के समर्थन से चल रही है, लेकिन राज्य की बेहतरी के लिए यह कहना जरूरी है कि कानून-व्यवस्था पर सरकार का नियंत्रण नहीं है। हमें उम्मीद थी कि चौथी बार मुख्यमंत्री बनने के बाद नीतीश कुमार कानून-व्यवस्था पर सख्ती से काम करेंगे और राजनीति से ऊपर उठकर लोगों के बारे में सोचेंगे। लेकिन अपराधियों का बेखौफ घूमना दिखाता है कि राज्य का भविष्य उज्ज्वल नहीं है। - गोपाल नारायण, भाजपा सांसद
सीएम का नियंत्रण नहीं
यह घटना सबूत है कि कानून-व्यवस्था पर नीतीश कुमार का कोई नियंत्रण नहीं रहा है।- तारिक अनवर, कांग्रेस नेता
सीबीआई जांच की मांग तेज
इंडिगो के स्टेशन मैनेजर रूपेश कुमार सिंह की हत्या के बाद बिहार में सियासी पारा चढ़ने लगा है। रूपेश हत्याकांड की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया है। पप्पू यादव ने सीबीआई जांच की मांग की है, तो भाजपा के सांसद विवेक ठाकुर ने अपनी ही सरकार पर सवाल उठाए हैं। विवेक ठाकुर ने कहा है कि या तो बिहार सरकार 3 से 5 दिन के भीतर अपराधियों को पकड़े या फिर ये मामला सीबीआई को सौंपे।