गैंगस्टर संतोष झा को सीतामढ़ी के अदालत परिसर के अंदर गोली मार कर हत्या कर दी। संतोष को पुलिस दो इंजीनियरों के कत्ल के मामले की सुनवाई के लिए अदालत में लाई थी। बता दें कि संतोष झा पर दो इंजीनियरों के कत्ल का मुकदमा चल रहा है। पुलिस के अनुसार रंगदारी न देने पर संतोष झा ने दोनों इंजीनियरों का कत्ल करवाया था। पुलिस के अनुसार दरभंगा हाइवे पर काम में जुटे इंजीनियर ब्रजेश कुमार और मुकेश कुमार की हत्या दो बाइक सवारों ने की थी।
इन हत्याकांड के बाद ही बिहार में जंगलराज की वापसी के आरोप लगने लगे थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने पुलिस को तुरंत सख्ती बरतने के निर्देश दिए थे। वहीं मुन्नी देवी की गिरफ्तारी के बाद जेडीयू ने कुछ तस्वीरों के जरिए आरोप लगाया था कि उसकी नजदीकियां पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी और उनकी पार्टी हम से हैं।
दोनों इंजीनियरों की हत्या के बाद से ही मामले में गैंगस्टर संतोष झा और उसकी बहन बहेरी ब्लॉक प्रमुख मुन्नी देवी का नाम सामने आ रहा था। मुन्नी देवी की गिरफ्तारी के बाद प्रदेश की राजनीति में भी खींचतान शुरू हो गई है।
सत्तारूढ़ जेडीयू ने जहां मुन्नी देवी पर जीतन राम मांझी की पार्टी हम से नजदीकी का आरोप लगाया तो आरोपों पर पलटवार करते हुए हम ने इसे झूठ का पुलिंदा बता दिया है। प्रेस कान्फ्रेंस में हम प्रवक्ता दानिश रिजवान ने जेडीयू के आरोपों को नकारते हुए कहा कि सत्तारूढ़ दल अपनी नाकामी छुपाने के लिए इस तरह के आरोप लगा रहा है।