बिहार विधानसभा चुनावों में पहले चरण की वोटिंग के साथ ही राज्य में लोकतंत्र के इस महापर्व की शुरुआत हो गई। कोरोना के खतरे के बीच पहले चरण में 16 जिलों की 71 विधानसभा सीटों पर 53.54 फीसदी मतदान हुआ। मुख्य निर्वाचन अधिकारी एच आर श्रीनिवास ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 2015 में विगत विधानसभा चुनाव में मतदान का प्रतिशत 54.75 रहा था। इस दौरान दिशानिर्देशों के उल्लंघन को लेकर 93 मामले भी दर्ज किए गए।
इस अवसर पर मौजूद अपर पुलिस महानिदेशक जितेंद्र कुमार ने बताया कि गया टाउन के भाजपा प्रत्याशी प्रेम कुमार (निवर्तमान कृषि मंत्री) के एक मतदान केंद्र पर पार्टी के निशान की तस्वीर वाला मास्क लगाए और गमझा ओढे एक मतदान केंद्र पर जाने की शिकायत मिलने पर उनके खिलाफ गया जिले के कोतवाली थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
एडीजी जितेंद्र कुमार ने बताया कि मतदान शांतिपूर्ण रहा। अब तक प्राप्त सूचना के अनुसार कुल 159 लोगों को हिरासत में लिया गया है। उन्होंने कहा कि 71 विधानसभा क्षेत्रों में आज मतदान के लिए कुल 31,371 मतदान केन्द्र 16,730 भवनों में थे, जिनमें से 2856 भवन नक्सल प्रभावित क्षेत्र में थे।
बिहार विधानसभा के पहले चरण के चुनाव में कुल सामान्य निर्वाचकों की संख्या 2 करोड़ 14 लाख 06 हजार 096 थी, जिसमें पुरुषों की संख्या 1,12,76,396, महिलाओं की संख्या 1,01,29101 तथा थर्ड जेंडर की संख्या 599 थी।
श्रीनिवास ने बताया कि पहले चरण के निर्वाचन में रिजर्व सहित कुल 38,026 कंट्रोल यूनिट, 51,201 बैलेट यूनिट तथा वीवीपैट का उपयोग हुआ है, जिसमें 111 कंट्रोल यूनिट, 90 बैलेट यूनिट तथा 215 वीवीपैट मॉक पोल के दौरान बदले गए हैं। मॉक पोल के उपरांत 77 कंट्रोल यूनिट, 92 बैलेट यूनिट तथा 403 वीवीपैट बदले गए।
कोविड-19 को लेकर चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार मतदान कर्मियों द्वारा इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) की स्वच्छता, मास्क पहनना, थर्मल स्कैनिंग, सेनिटाइजर और साबुन और पानी की उपलब्धता सुनिश्चित किए जाने के साथ और अन्य सुरक्षात्मक मापदंडों का पालन सुनिश्चत कराया गया।