क्या आप जानते हैं कि भारत में कुछ गाड़ियों में नीले रंग के नंबर प्लेट (Blue Number Plate) का भी इस्तेमाल होता है। दरअसल, इस तरह की गाड़ियां सड़कों पर बिरले ही दिखाई देती हैं, जिसके चलते इनके बारे में 99% लोगों को पता ही नहीं होता।
भारत में गाड़ियों के प्रकार के हिसाब से उनके नंबर प्लेट का रंग निर्धारित किया गया है. देश में प्राइवेट गाड़ियों में सफेद रंग का नंबर प्लेट लगाया जाता है, तो कमर्शियल वाहनों में पीले रंग का नंबर प्लेट लगाने की अनुमति है। वहीं शोरूम पर रखी गाड़ियों में लाल रंग के नंबर प्लेट का इस्तेमाल होता है।
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लेकिन क्या आप जानते हैं कि भारत में कुछ गाड़ियों में नीले रंग के नंबर प्लेट (Blue Number Plate) का भी इस्तेमाल होता है। दरअसल, इस तरह की गाड़ियां सड़कों पर बिरले ही दिखाई देती हैं, जिसके चलते इनके बारे में 99% लोगों को पता ही नहीं होता। अगर आप भी नहीं जानते तो चलिए आज हम आपको बताते हैं...
इन खास लोगों के लिए है नीले रंग का नंबर प्लेट
दरअसल, नीले रंग की नंबर प्लेट वाली गाड़ियां बेहद खास होती हैं और इनका इस्तेमाल एक आम इंसान नहीं कर सकता। अब आप सोच रहे होंगे कि इनका इस्तेमाल आम इंसान नहीं कर सकता है तो भला कौन करता होगा? तो आपको बता दें कि भारत में दूसरे देशों के दूतावास के प्रतिनीधि या राजनायिक नीले नंबर प्लेट वाली गाड़ी का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके अलावा दूसरे देशों के काउंसलर स्टाफ, या अंतर्राष्ट्रीय संगठनों द्वारा भारत में उपयोग की जाने वाली गाड़ियों में नीले रंग का नंबर प्लेट इस्तेमाल किया जाता है। भारत सरकार ने इनके लिए ये रंग का नंबर प्लेट संरक्षित किया है।
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इन प्लेट पर स्टेट कोड की जगह कंट्री कोड होता है। इन पर DC (Diplomatic Corps), CC (Consular Corps), UN (United Nations) आदि जैसे अक्षर लिखे होते हैं। नंबर प्लेट की शुरुआत में एक यूनिक कोड होता है, जो उस देश या संगठन को दर्शाता है जिसका वाहन है। इसके बाद एक रैंक कोड होता है, जो वाहन के मालिक की राजनयिक रैंक को दर्शाता है।