भारत में स्वच्छ ईंधन को बढ़ावा देने और भारी वाहनों के लिए बेहतर रीफ्यूलिंग ढांचा तैयार करने की दिशा में टाटा मोटर्स ने थिंक गैस के साथ साझेदारी की है। इस समझौते के तहत दोनों कंपनियां मिलकर देशभर में एलएनजी (लिक्विफाइड नेचुरल गैस) रीफ्यूलिंग इकोसिस्टम को मजबूत करेंगी। टाटा मोटर्स ने गुरुवार को बताया कि इस सहयोग के लिए दोनों कंपनियों ने एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इसका उद्देश्य एलएनजी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाना, ईंधन की गुणवत्ता के प्रति जागरूकता बढ़ाना और एलएनजी से चलने वाले कमर्शियल वाहनों के उपयोग को बढ़ावा देना है।
कंपनी के अनुसार, यह साझेदारी भारत में फ्रेट ट्रांसपोर्ट (माल परिवहन) को अधिक पर्यावरण-अनुकूल (ईको-फ्रेंडली) और डीकार्बोनाइज्ड (कार्बन रहित) बनाने की दिशा में एक अहम कदम साबित होगी। टाटा मोटर्स के वाइस प्रेसिडेंट और ट्रक बिजनेस हेड, राजेश कौल ने कहा, 'भारत जैसे विशाल देश में स्थायी और कुशल माल परिवहन (फ्रेट ट्रांसपोर्टेशन) के लिए एलएनजी एक बेहतरीन समाधान बन सकता है। थिंक गैस के साथ हमारी यह साझेदारी ईकोसिस्टम की तैयारी को और मजबूत करेगी, ताकि फ्लीट ऑपरेटर्स को विश्वसनीय रीफ्यूलिंग इंफ्रास्ट्रक्चर मिल सके और वे एलएनजी तकनीक को आत्मविश्वास के साथ अपनाएं।'
थिंक गैस के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट और बिजनेस हेड (एलएनजी फ्यूल), सोमिल गर्ग ने कहा, 'वैकल्पिक ईंधन को बढ़ावा देने में अग्रणी टाटा मोटर्स के साथ साझेदारी हमारे एलएनजी नेटवर्क विस्तार को नई रणनीतिक दिशा देगी।' इस सहयोग के तहत टाटा मोटर्स और थिंक गैस मिलकर देश के प्रमुख फ्रेट कॉरिडोर और लॉजिस्टिक क्लस्टर्स की पहचान करेंगे, जहां एलएनजी इंफ्रास्ट्रक्चर को विस्तार दिया जा सके।
कंपनी ने बताया कि थिंक गैस उच्च ईंधन गुणवत्ता और सप्लाई की विश्वसनीयता सुनिश्चित करेगा, जिससे वाहनों का प्रदर्शन और एफिसिएंसी बेहतर बनी रहे। साथ ही, टाटा मोटर्स के ग्राहकों को विशेष लाभ, जैसे प्राथमिकता मूल्य निर्धारण (प्रेफेरेंशियल प्राइजिंग) भी उपलब्ध कराए जाएंगे। इस साझेदारी से भारत के ट्रकिंग सेक्टर में एलएनजी के उपयोग को नई गति मिलने की उम्मीद है, जो देश के ग्रीन ट्रांसपोर्ट मिशन को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगा।