आपकी हाई-टेक और स्मार्ट कार अब साइबर हमलावरों के निशाने पर आ सकती है! आधुनिक वाहनों में इस्तेमाल होने वाली 'ओवर-द-एयर'वायरलेस अपडेट तकनीक, जो कार में घर बैठे सॉफ्टवेयर अपडेट की सुविधा देती है, अब राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बन गई है। विशेषज्ञों की चेतावनी के अनुसार, हैकर्स या विदेशी एजेंसियां इस तकनीक में सेंध लगाकर गाड़ी के ब्रेक, स्टीयरिंग और नेविगेशन जैसे संवेदनशील सिस्टम को दूर बैठे ही हाईजैक या ठप कर सकते हैं।
आधुनिक स्मार्ट वाहनों में इस्तेमाल हो रही वायरलेस ओवर-द-एयर (ओटीए) सॉफ्टवेयर अपडेट तकनीक अब राष्ट्रीय सुरक्षा और साइबर सुरक्षा के लिए नई चुनौती बनकर उभरी है। विशेषज्ञों का कहना है कि इंटरनेट के जरिये वाहनों में दूर से सॉफ्टवेयर अपडेट भेजने वाली इस व्यवस्था का दुरुपयोग होने पर साइबर हमलावर या विदेशी तत्व वाहन के संवेदनशील सिस्टम को निशाना बना सकते हैं।
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तकनीक की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा शुरू
इसी खतरे को देखते हुए कई देशों ने इस तकनीक की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा शुरू कर दी है। सीएनबीसी की रिपोर्ट के अनुसार दुनिया भर में इंटरनेट से जुड़े वाहनों की संख्या तेजी से बढ़ रही है और इनके साथ ओवर-द-एयर (ओटीए) तकनीक का उपयोग भी सामान्य होता जा रहा है। इस तकनीक की मदद से वाहन निर्माता बिना सर्विस सेंटर बुलाए ही सॉफ्टवेयर, फर्मवेयर, सुरक्षा सुधार और नई डिजिटल सुविधाएं सीधे वाहन तक पहुंचा सकते हैं।
ओटीए तकनीक कंपनियों के लिए उपयोगी
इससे समय और लागत दोनों की बचत होती है, लेकिन इसके साथ साइबर सुरक्षा से जुड़े जोखिम भी बढ़ गए हैं। ब्रिटेन की स्वानसी यूनिवर्सिटी के सिस्टम सुरक्षा विशेषज्ञ प्रोफेसर सिराज अहमद शेख के अनुसार, ओटीए तकनीक वाहन कंपनियों के लिए बेहद उपयोगी है क्योंकि इससे पारंपरिक रिकॉल अभियान या नियमित सर्विस के बिना ही आवश्यक अपडेट किए जा सकते हैं। हालांकि, इसकी सुरक्षा सुनिश्चित करना अब सबसे बड़ी चुनौती बन गया है।