क्या है नया नियम?
महाराष्ट्र परिवहन आयुक्त राजेश नार्वेकर की ओर से जारी ताजा सर्कुलर के अनुसार अब एचएसआरपी लगवाने की अंतिम तारीख 30 जून 2026 तय की गई है। हालांकि विभाग ने स्पष्ट किया है कि एक जुलाई 2026 से बिना एसएचआरपी वाले वाहनों के खिलाफ सख्त अभियान शुरू हो जाएगा। इसके लिए फ्लाइंग स्क्वाॅइड कार्रवाई करेंगे और नियम तोड़ने वालों पर जुर्माना या अन्य कार्रवाई भी हो सकती है।
अपॉइंटमेंट बुक कराने वालों को मिलेगी राहत
विभाग का कहना है कि जो वाहन मालिक 30 जून से पहले एसएसआरपी इंस्टॉलेशन के लिए अपॉइंटमेंट बुक कर लेते हैं, उन्हें राहत मिल सकती है। यानी की उन व्यक्तियों पर कोई कार्रवाई नहीं होगी, भले ही नंबर प्लेटी की फिटिंग बाद में हो। यह फैसला उन लोगों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है जिन्हें स्लॉट या फिटमेंट में देरी का सामना करना पड़ रहा है।
बिना HSRP कौन-कौन सी सेवाएं होंगी बंद?
विभाग पहले ही कई आरटीओ सेवाओं पर रोक लगा चुका है। अब नई सूची में और सेवाएं जोड़ दी गई हैं। जैसे कि वाहन स्वामित्व हस्तांतरण (Ownership Transfer), हाइपोथिकेशन अपडेट, री-रजिस्ट्रेशन, वाहन मॉडिफिकेशन औ परमिट रिन्यूअल। हालांकि फिलहाल फिटनेस सर्टिफिकेट रिन्यूअल को इस प्रतिबंध से बाहर रखा गया है।
नागपुर क्षेत्र में कैसा है हाल? जानिए आंकड़े
इसमें नागपुर का काम सबसे बेहतर रहा है। राज्य के अन्य हिस्सों की तुलना में नागपुर क्षेत्र में एचएसआरपी को लेकर लोगों ने बेहतर जागरूकता दिखाई है, लेकिन फिर भी अभी बड़ी संख्या में वाहनों पर प्लेट लगना बाकी है। 18 मई तक के आधिकारिक आंकड़े की बात करें तो, MH49 (नागपुर पूर्व) में कुल 2,48,065 ऑर्डर मिले, जिनमें से 2,47,713 अपॉइंटमेंट बुक हुईं और अब तक 2,26,043 वाहनों पर सफलतापूर्वक HSRP फिट की जा चुकी है। MH31 (नागपुर अर्बन) में 2,34,031 ऑर्डर दर्ज किए गए, 2,33,718 अपॉइंटमेंट बुक की गईं और 2,10,661 वाहनों पर प्लेट लगाई जा चुकी है। वहीं, MH40 (नागपुर ग्रामीण) में कुल 2,89,806 ऑर्डर मिले, जिनमें से अब तक 2,60,827 वाहनों पर सफलतापूर्वक फिटिंग पूरी हो चुकी है।
HSRP क्यों जरूरी है ?
हाई-सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट्स में कई एडवांस सुरक्षा फीचर्स दिए जाते हैं, जैसे लेजर-एंग्रेव्ड यूनिक कोड, क्रोमियम आधारित होलोग्राम और नॉन-रिमूवेबल लॉक। इन फीचर्स की वजह से नंबर प्लेट की नकली कॉपी बनाना या उसे आसानी से हटाना मुश्किल हो सकता है। ऐसे में सरकार का उद्देश्य HSRP के जरिए वाहन चोरी, फर्जी नंबर प्लेट के इस्तेमाल और अपराध में उपयोग होने वाले वाहनों पर नियंत्रण पाना या रोक लगाना है।
विभाग ने क्या दिए निर्देश?
राज्य के सभी आरटीओ कार्यालयों को स्थानीय मीडिया, ट्रांसपोर्ट यूनियनों और वाहन डीलर्स के साथ मिलकर जागरूकता अभियान तेज करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि ज्यादा से ज्यादा वाहन मालिक तय समय से पहले HSRP लगवा सकें।