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Truck Height: केंद्र का ट्रकों की ऊंचाई 4.5 मीटर करने का प्रस्ताव, परिवहन और ऊर्जा क्षेत्र को मिलेगा फायदा

Wed, 04 Feb 2026 08:46 PM IST
अमर शर्मा ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

केंद्र सरकार ने व्हाइट गुड्स और फोटोवोल्टिक सोलर पैनल ले जाने वाले N2 और N3 कैटेगरी के ट्रकों और सेमी-ट्रेलरों के लिए, गाड़ियों की अनुमत ऊंचाई 4 मीटर से बढ़ाकर 4.5 मीटर करने का प्रस्ताव दिया है।
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Truck - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सफेद सामान और सोलर उपकरणों की ढुलाई को आसान बनाने के लिए केंद्र सरकार ने ट्रक ऊंचाई नियमों में ढील का प्रस्ताव रखा है। इस कदम से लॉजिस्टिक्स लागत घटाने, परिवहन क्षमता बढ़ाने और ऊर्जा संक्रमण से जुड़े लक्ष्यों को गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
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ट्रक की ऊंचाई सीमा बढ़ाने का प्रस्ताव
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने एक ड्राफ्ट नोटिफिकेशन जारी कर वाहनों की अधिकतम अनुमेय ऊंचाई 4 मीटर से बढ़ाकर 4.5 मीटर करने का प्रस्ताव दिया है।
यह छूट N2 और N3 श्रेणी के ट्रकों और ट्रैक्टर से जुड़े सेमी-ट्रेलरों पर लागू होगी, बशर्ते वे व्हाइट गुड्स (फ्रिज, वॉशिंग मशीन आदि) या फोटोवोल्टाइक सोलर पैनल/मॉड्यूल ले जा रहे हों।

 

N2 और N3 श्रेणी का मतलब क्या है?
  • N2 श्रेणी: 3.5 टन से अधिक और 12 टन तक वजन वाले वाहन, जैसे हल्के और इंटरमीडिएट ट्रक
  • N3 श्रेणी: 12 टन से अधिक वजन वाले भारी ट्रक
प्रस्ताव के तहत, अगर माल को मल्टी-लेयर पैकेजिंग में सही तरीके से लोड किया गया है, तो इन वाहनों की कुल ऊंचाई 4.5 मीटर तक हो सकेगी।

नियमों में बदलाव कैसे होगा?
यह प्रस्ताव केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के नियम 93 में संशोधन के तौर पर लाया गया है।
ड्राफ्ट के अनुसार, ट्रैक्टर से जुड़े सेमी-ट्रेलर भी इसी ऊंचाई सीमा के दायरे में आएंगे, यदि वे वही श्रेणी का माल ढो रहे हों।

 

जनता और उद्योग से मांगे गए सुझाव
केंद्र सरकार ने इस प्रस्ताव पर 30 दिनों के भीतर आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित किए हैं।
सुझावों पर विचार के बाद ही संशोधित नियमों को अंतिम रूप दिया जाएगा।

ट्रकिंग इंडस्ट्री ने किया स्वागत
ऑल इंडिया ट्रकर्स वेलफेयर एसोसिएशन (AITWA) के महासचिव अभिषेक गुप्ता ने इसे व्यावहारिक कदम बताया।
उनके मुताबिक, "इससे लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी, ट्रकों का बेहतर उपयोग होगा और कम ट्रिप्स की जरूरत पड़ेगी, जिससे उत्सर्जन भी घटेगा। हालांकि, यह सिर्फ शुरुआत होनी चाहिए। सुरक्षा मानकों के साथ अन्य कैटेगरी में भी ऊंचाई नियमों में स्पष्ट और व्यापक ढील से सेक्टर की प्रतिस्पर्धात्मकता और बढ़ सकती है।"

 

सोलर मिशन को मिलेगी मदद
इंटरनेशनल काउंसिल ऑन क्लीन ट्रांसपोर्टेशन (ICCT) के भारत प्रबंध निदेशक अमित भट्ट ने कहा कि भारत ने 2030 तक 500 गीगावाट नॉन-फॉसिल बिजली क्षमता का लक्ष्य रखा है, जिसमें सोलर की भूमिका सबसे बड़ी होगी।
उनके अनुसार, सोलर मॉड्यूल्स की सुरक्षित और कुशल ढुलाई को लेकर यह नियामकीय स्पष्टता छोटे लेकिन अहम सक्षमकर्ता के रूप में काम करेगी और परियोजनाओं की टाइमलाइन तेज करने में मदद करेगी। 
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निष्कर्ष: लॉजिस्टिक्स और ऊर्जा दोनों को फायदा
ट्रक ऊंचाई सीमा बढ़ाने का यह प्रस्ताव सिर्फ परिवहन सुविधा तक सीमित नहीं है, बल्कि लॉजिस्टिक्स दक्षता, लागत में कमी और ऊर्जा संक्रमण जैसे बड़े लक्ष्यों से भी जुड़ा है। अगर यह संशोधन लागू होता है, तो सफेद सामान और सोलर सेक्टर, दोनों को बड़ा फायदा मिल सकता है।

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