किक्स के पेट्रोल वर्जन में 1.5-लीटर का इंजन दिया जाएगा, जो कि 105 बीएचपी की पावर और 142 एनएम का टॉर्क जेनरेट करेगा। वहीं, इसके डीजल वर्जन में 1.5-लीटर का इंजन दिया जाएगा। जो 108 बीएचपी की पावर और 240 एनएम का टॉर्क जेनरेट करेगा।
कार के पेट्रोल इंजन को 5-स्पीड मैनुअल और सीवीटी गियरबॉक्स ट्रांसमिशन से लैस किया जाएगा। और डीजल इंजन में 6-स्पीड मैनुअयल गियरबॉक्स का विकल्प मिलेगा। भारत में अपने वाहन उतारने के बाद से अबतक निसान को औसत रिसपॉन्स से ही काम चलाना पड़ा है।
हैचबैक और मिड रेंज सेडान सेगमेंट में भी कंपनी कोई चमतकार नहीं दिखा पाई। इस सेगमेंट में अभी भी मारुति और हुंडई की कारों का तिलिस्म कायम है। वहीं एसयूवी सेगमेंट में भी निसान की टेरानो ने उतना बेहतरीन प्रदर्शन नहीं किया जैसा उसकी सहयोगी कंपनी रेनो की डस्टर का रहा, लेकिन हो सकता है निसान की यह कार कंपनी के लिए गेम चेंजर साबित हो।